दिल्ली पुलिस की साइबर सेल ने एक बड़े साइबर फ्रॉड गिरोह का पर्दाफाश किया है, जो 'बाबा किस्मतवाले' नाम से टेलीग्राम चैनल चलाता था. इस चैनल के जरिए देशभर के ठगों को लोगों का निजी डेटा बेचा जाता था.
पुलिस ने गैंग के मुख्य सरगना निवास कुमार मंडल को पश्चिम बंगाल से गिरफ्तार किया है. उसके पास से 9 मोबाइल फोन, 47800 कैश, एक मैकबुक, एक आईपैड, 5 एटीएम कार्ड और 3 चेक बुक बरामद हुई हैं.
जल बोर्ड का फर्जी ऐप डाऊनलोड करवाकर करते थे ठगी
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, यह गिरोह दिल्ली जल बोर्ड, बैंक और बिजली कंपनियों के नाम पर लोगों को झांसा देकर ठगी करता था. आरोपी व्हाट्सएप पर फर्जी मैसेज भेजकर लोगों को दिल्ली जल बोर्ड V4.apk नाम का ऐप डाउनलोड करवाते थे और बैंकिंग डिटेल हासिल कर खाते से पैसे उड़ा लेते थे. इसी तरह एक शिकायत में दिल्ली निवासी को 2 लाख का चूना लगाया गया था.
दिल्ली पुलिस की अहम कार्रवाई
दिल्ली पुलिस की जांच में पता चला कि गिरोह के सदस्य झारखंड के जामताड़ा और पश्चिम बंगाल से काम कर रहे थे. निवास मंडल ने 2024 में टेलीग्राम पर बाबा किस्मतवाले नाम का चैनल बनाया था जिसके जरिए वह पूरे देश के ठगों को बैंक ग्राहकों का डेटा बेचता था. मुख्य आरोपी निवास मंडल बीटेक पास है और साइबर सिक्योरिटी का डिप्लोमा कर चुका है.
वह पहले भी चार साइबर मामलों में शामिल रह चुका है. पुलिस ने उसके साथ झारखंड के प्रद्युम्न मंडल को भी पकड़ा है जबकि एक नाबालिग को भी हिरासत में लिया गया है जो कॉल कर लोगों को ऐप डाउनलोड करने के लिए मनाता था.
दिल्ली पुलिस को अन्य आरोपियों की तलाश
दिल्ली पुलिस ने बताया कि गिरोह ठगी से मिले पैसे हिंदुस्तान पेट्रोलियम के ड्राइव ट्रेक प्लस कार्ड के ज़रिए ट्रांसफर करता था. फिलहाल पुलिस अन्य फरार आरोपियों की तलाश कर रही है और गिरोह के नेटवर्क को तोड़ने के लिए आगे की जांच जारी है.