राजधानी दिल्ली में रविवार (2 अगस्त) की सुबह करीब 4 बजकर 14 मिनट पर भूकंप आया. भूंकप के झटको से राजधानी दिल्ली कांप गई. लोगों को 2.9 की तीव्रता से भूकंप के झटके महसूस हुए हैं. नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी (NCS) के अनुसार, रविवार 2 अगस्त 2026 को सुबह 4:14:01 बजे (IST) दिल्ली के उत्तरी जिले में रिक्टर स्केल पर 2.9 तीव्रता का भूकंप आया. 

Continues below advertisement

भूकंप का केंद्र 28.721° उत्तरी अक्षांश और 76.957° पूर्वी देशांतर पर स्थित था तथा इसकी गहराई 8 किलोमीटर मापी गई. कम गहराई होने की वजह से हल्के झटके आसपास के इलाकों में महसूस हो सकते हैं, हालांकि 2.9 तीव्रता का भूकंप सामान्यतः हल्की श्रेणी का माना जाता है और इससे बड़े नुकसान की आशंका कम रहती है.

दिल्ली-NCR में गर्मी से मिलेगी राहत, पूरे हफ्ते सुहाना रहेगा मौसम

Continues below advertisement

सो रही थी पूरी दिल्ली

जिस समय राजधानी दिल्ली में भूकंप आया उस समय लोग गहरी नींद में सो रहे थे. कुछ लोगों को झटकों का अहसास हुआ लेकिन कुछ को इसका बिल्कुल भी पता नहीं चला. भूंकप की तीव्रता कम होने की वजह से किसी को इसका आभाष नहीं हुआ.

किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं है

भूकंप के आने के बाद राजधानी से किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं आई है. भूकंप पृथ्वी की सतह से लेकर 700 किलोमीटर नीचे तक कहीं भी आ सकते हैं. यूएसजीएस के आंकड़ों के मुताबिक, भूकंप की 0-700 किलोमीटर की गहराई को तीन क्षेत्रों में विभाजित किया गया है. इसमें उथला (Shallow), मीडियम (Medium) और गहरा (Deep) शामिल है.

उथले (Shallow) भूकंप आमतौर पर गहरे भूकंपों की तुलना में अधिक खतरनाक होते हैं. इसका कारण यह है कि उथले भूकंपों से उत्पन्न भूकंपीय तरंगों को सतह तक पहुंचने के लिए कम दूरी तय करनी पड़ती है, जिसके परिणामस्वरूप जमीन में अधिक कंपन होता है और इमारतों को अधिक नुकसान पहुंचने और अधिक लोगों के हताहत होने की संभावना रहती है. 

दिल्ली में 'लक्ष्मी योजना' शुरू, अब हर महीने खटाखट आएंगे 2500