बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने उम्रदराज और बुजुर्ग लोगों को नए साल पर बड़ा तोहफा दिया है. ऐसे लोगों को अब घर बैठे ही स्वास्थ्य जांच और इलाज मिल सकेगा. मुख्यमंत्री ने सात निश्चय पार्ट-3 के तहत ‘सबका सम्मान-जीवन आसान’ उद्देश्य को आगे बढ़ाते हुए यह निर्णय लिया है. 

Continues below advertisement

राज्य सरकार के फैसले के तहत अब बुजुर्गों को घर पर ही पैथोलॉजी जांच, ब्लड प्रेशर मापने और ईसीजी जैसी जरूरी जांच की सुविधा मिलेगी. यही नहीं इमरजेंसी के हालात में भी डॉक्टर घर पहुंचकर इलाज भी करेंगे. फिजियोथेरेपी की भी सुविधा मुहैया करवाई जायेगी. 

मुख्यमंत्री ने इसके साथ ही आम जनता से सुझाव भी मांगे हैं. सात निश्चय के तहत लोगों के जीवन को और आसान बनाने के लिए सरकार ने एक क्यूआर कोड जारी किया है. इसे स्कैन कर आम लोग सरकार तक अपने सुझाव और विचार सीधे पहुंचा सकते हैं. 

Continues below advertisement

क्यूआर कोड जारी कर लोगों से मांगे सुझाव

सीएम नीतीश कुमार ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स के जरिए जानकारी साझा करते हुए लिखा- '24 नवंबर 2005 को राज्य में जब से हमलोगों की सरकार बनी तब से न्याय के साथ विकास के सिद्धांत पर चलते हुए हमलोगों ने समाज के सभी वर्ग के लोगों के उत्थान एवं हर क्षेत्र के विकास के लिए काम किया है. 

हम लोगों ने पूरे बिहार को अपना परिवार माना है और सबके मान और सम्मान का पूरा ख्याल रखा है. अब राज्य में समाज के हर वर्ग के लोग सम्मान के साथ आसानी से जीवन व्यतीत कर सकें इसे लेकर हमलोगों ने गंभीरता से कार्य प्रारंभ कर दिया है.

हमलोगों ने वर्ष 2025 से 2030 के लिए राज्य को देश के सर्वाधिक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल करने हेतु सात निश्चय-3 के कार्यक्रमों को लागू किया है. सात निश्चय-3 के सातवें निश्चय ‘सबका सम्मान-जीवन आसान’ (Ease of Living) का उद्देश्य राज्य के सभी नागरिकों के जीवन में आने वाली कठिनाइयों को कम करना तथा उनके जीवन को और भी आसान बनाना है.

सबसे पहले हमलोगों की कोशिश है कि राज्य के जरूरतमंद वरिष्ठ नागरिकों को जरूरत के समय उनके घर पर ही अत्यावश्यक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकें. जैसे...

1. नर्सिंग सहायता की सुविधा2. घर पर ही पैथोलॉजी जांच की सुविधा3. ब्लड प्रेशर जांच और ई॰सी॰जी॰ जांच की सुविधा4. फिजियोथेरेपी की सुविधा5. आपातकालीन स्थिति में सभी प्रकार की चिकित्सकीय सहायता

राज्य के वरिष्ठ नागरिकों को स्वास्थ्य संबंधित उपरोक्त सभी सुविधाएं उन्हें घर पर ही मिल सकें, इसे लेकर हमलोगों ने स्वास्थ्य विभाग को तेजी से काम करने का निर्देश दिया है.

राज्य के वरिष्ठ नागरिकों के जीवन को आसान बनाने हेतु और क्या-क्या सुविधाएं दी जा सकती हैं, इसे चिह्नित किया जाना भी आवश्यक है. इस संबंध में अगर आप कोई विशिष्ट सुझाव देना चाहते हैं तो अपने बहुमूल्य सुझाव निम्न में से किसी एक माध्यम से दे सकते हैं.' 

लोगों को अपने सुझाव देने के लिए एक क्यूआर कोड भी जारी किया गया है. जिसके माध्यम से अपनी बात सरकार तक पहुंचाई जा सकती है.  

बिहार की महिलाओं पर टिप्पणी को लेकर तेजस्वी यादव का बीजेपी पर हमला, जानें क्या है पूरा मामला?