दिल्ली के एक होटल और मुजफ्फरपुर के निजी अस्पताल में आग लगने की घटना के बाद बिहार अग्निशमन विभाग ने फायर सेफ्टी मानकों के उल्लंघन करने वाले संस्थानों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है. डीआईजी अग्निशमन मनोज कुमार नट के मुताबिक,विभाग द्वारा पटना के पांच अस्पतालों और 7 होटलों को सील करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गयी है.
इसके साथ ही उन्होंने खान ग्लोबल स्टडीज के सवाल पर कहा कि फायर सेफ्टी नियमों की अनदेखी करने वाले किसी भी संस्थान या व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा. जिला अग्निशमन अधिकारी रितेश पांडेय के नेतृत्व में इस पूरे अभियान की निगरानी की जा रही है.
इन अस्पतालों को सील करने का प्रसात्व
जिन अस्पतालों को सील करने का प्रस्ताव भेजा जाएगा, वो हैं-
- एडवांस पटना सेंट्रल हॉस्पिटल (कंकड़बाग).
- आरोया वरदान हॉस्पिटल (राजेंद्र नगर).
- पिनेकल हॉस्पिटल (राजेंद्र नगर).
- श्याम ट्रस्ट एंड रिसर्च हॉस्पिटल तथा अपेक्स हॉस्पिटल (ईस्ट अशोक नगर) शामिल हैं.
सात होटल भी सीलिंग कार्रवाई की जद में
अग्निशमन विभाग ने जिन होटलों को सीलिंग कार्रवाई में लिया है, उनमें जमाल रोड पर कुणाल होटल, पाटलिपुत्रा एग्जॉटिका, होटल बॉब और होटल डेस्टिनी समेत अन्य होटल शामिल हैं. सभी संस्थानों को अगले पांच दिनों के भीतर सील करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी.
इसके अलावा 32 अस्पतालों और 20 होटलों को नोटिस जारी किया जा रहा है. संबंधित संस्थानों को 7 से 14 दिनों के भीतर अपना जवाब देना होगा. यदि जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया तो स्थानीय प्रशासन को सीलिंग की अनुशंसा भेजी जाएगी. इस कार्रवाई से पूरे राज्य बिना मानकों के चलते वाले होटल रेस्टोरेंट और अस्पताल संचालकों में हडकंप मचा हुआ है.
बता दें कि दिल्ली के मालवीय नगर में होटल में आग लगने के कारण 23 लोगों की मौत हो गयी थी, जबकि बड़ी संख्या में लोग गंभीर रूप से घायल भी हैं. इसके अगले दिन मुफ्फरपुर में भी एक प्राइवेट अस्पताल में आग लगने से कई सवाल खड़े हो गए थे.
