राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) नेता एवं महागठबंधन के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव ने मंगलवार (11 नवंबर) को कहा कि बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण में हुए रिकॉर्ड मतदान ने यह संदेश दे दिया है कि राज्य की जनता को नतीजा चाहिए, जुमला नहीं.
आरजेडी नेता ने आरोप लगाया कि कुछ स्थानों पर प्रशासन मतदान की रफ्तार धीमी कर सकता है, लेकिन उन्होंने मतदाताओं से अपील करते हुए कहा कि वे कतार में लगे रहें और वोट डाले बिना कतार छोड़कर वापस नहीं लौटें. राज्य में विधानसभा चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण का मतदान मंगलवार को शाम छह बजे तक जारी रहेगा.
मतदाताओं से एक्स पर ट्वीट कर की ये अपील
तेजस्वी यादव ने एक अन्य पोस्ट में मतदाताओं से अपील की कि वे कतार से लौटें नहीं. उन्होंने लिखा, ‘‘संभव है कि प्रशासन कुछ जगहों पर मतदान की गति धीमी कर दे, लेकिन आपको उनकी साजिश में नहीं फंसना है.’’
इस बीच तेजस्वी यादव ने दो व्हाट्सऐप नंबर भी जारी किए हैं और मतदाताओं से अपील की है कि यदि उन्हें किसी प्रकार की अनियमितता दिखे तो उसकी वीडियो रिकॉर्डिंग कर उस पर भेजें. तेजस्वी ने हर हाल में अपने वोट का इस्तेमाल करके घर जाने के लिए कहा.
तेजस्वी यादव ने एनडीए गठबंधन पर बोला हमला
तेजस्वी यादव ने दूसरे चरण के मतदान के दिन ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘एनडीए गठबंधन सरकार से लोगों को केवल आश्वासन, नारे, जुमले और खोखले वादे ही मिले हैं. बिहार की जनता अब इन सबको एक पल के लिए भी बर्दाश्त करने को तैयार नहीं है.’’
उन्होंने कहा कि महागठबंधन ने बीते कुछ वर्षों में बिहार के लिए एक ऐसी विकास नीति तैयार की है जो ‘‘समावेशी प्रकृति’’ की है और ‘‘हर वर्ग, जाति, धर्म और समुदाय’’ को ध्यान में रखती है. उन्होंने कहा, ‘‘लोगों ने एनडीए की उन गंदी चालों को नकार दिया है जिनका मकसद उन्हें भ्रमित करना था. मेरा सपना वही है जो आपका है, आपका दर्द मेरा दर्द है, हमारे लक्ष्य एक हैं जिन्हें बिहार का कोई बाहरी व्यक्ति कभी समझ नहीं सकता.’’
तेजस्वी यादव ने नीतीश सरकार पर लगाए आरोप
तेजस्वी यादव ने आरोप लगाते हुए कहा कि बीते 20 वर्षों में शासन-प्रशासन राज्य में वास्तविक विकास लाने में नाकाम रहा है. उन्होंने कहा, ‘‘सरकार युवाओं को रोजगार देने, अपराध घटाने, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने और प्रभावी स्वास्थ्य सेवा के लिए अच्छे अस्पताल बनाने में विफल रही. किसान बाढ़ से त्रस्त हैं, व्यापारी नुकसान झेल रहे हैं और जनता महंगाई की मार झेल रही है.’’
उन्होंने कहा कि सच्ची आजादी बेरोजगारी, रिश्वतखोरी, भ्रष्टाचार, महंगाई, उत्पीड़न, अन्याय, शोषण और असमानता जैसी समस्याओं से मुक्ति में है. उन्होंने कहा, ‘‘हमारी दृष्टि हर बिहारी को आत्मनिर्भर और जागरुक बनाना है. गांव का उत्थान ही राष्ट्र का उत्थान है और हम बिहार के गांवों को सशक्त बनाने की इसी भावना के प्रति प्रतिबद्ध हैं.’’