U-19 WC: चोटिल पैर के साथ खेलते हुए रख दी टीम इंडिया की जीत की नींव

भारत ने मैन ऑफ द मैच सलामी बल्लेबाज मंजोत कालरा की शतकीय पारी की बदौलत शनिवार को यहां बे ओवल मैदान पर आईसीसी अंडर-19 विश्व कप के फाइनल में आस्ट्रेलिया को आठ विकेट से हराकर चौथी बार खिताब अपने नाम किया.
दास ने कहा,‘‘उसका कद अचानक कुछ साल में काफी बढ गया है और उसे काफी परेशानियां भी हो रही है. उसके लिये फिटनेस बरकरार रखते हुए पूरी ताकत से गेंदबाजी करने की चुनौती है. हम पूरी मेहनत करेंगे और अब उसका लक्ष्य 2019 विश्व कप होगा.’’
उन्होंने कहा,‘‘उसके बायें पैर में चोट लगी थी और उसने पट्टियां बांधकर गेंदबाजी की ताकि चोट बिगड़ ना जाये. न्यूजीलैंड में अच्छे उपचार के कारण ही वह तीन नॉकआउट मैच खेल सका.’’
पोरेल के कोच विभाष दास ने बताया,‘‘वह पूरी तरह से फिट नहीं हुआ है. उसने दर्द के बावजूद गेंदबाजी की. इस तरह की चोट ठीक होने में तीन सप्ताह लगते हैं.’’
लेकिन मैच के बाद पोरेल को लेकर एक ऐसी खबर सामने आई है जिसे जानकर लोगों के दिल में उनके लिए और भी जगह बन जाएगी. पोरेल के कोच ने बताया पैर की चोट के कारण उसका अंडर 19 विश्व कप में खेलना खटाई में पड़ गया था लेकिन तेज गेंदबाज ईशान पोरेल ने दर्द से जूझते हुए भी टीम की जीत में योगदान दिया.
वहीं आज टीम इंडिया की जीत की नींव रखने का श्रेय तेज़ गेंदबाज़ इशान पोरेल के नाम भी रहा. उन्होंने ऑस्ट्रेलियाई पारी की शुरूआत में ही दोनों ओपनर्स को चलता कर मैच में टीम इंडिया को शानदार शुरूआत दिलाई.
भारत ने मैन ऑफ द मैच सलामी बल्लेबाज मंजोत कालरा की शतकीय पारी की बदौलत शनिवार को यहां बे ओवल मैदान पर आईसीसी अंडर-19 विश्व कप के फाइनल में आस्ट्रेलिया को आठ विकेट से हराकर चौथी बार खिताब अपने नाम किया.
आस्ट्रेलिया द्वारा दिए गए 217 रनों के लक्ष्य को भारत ने मंजोत कालरा के नाबाद 101 रनों की बदौलत 38.5 ओवरों में आठ विकेट रहते ही हासिल कर लिया. कालरा के अलावा भारत के लिए शुभमन गिल ने 31 और विकेटकीपर हार्विक देसाई ने 47 रन बनाए.