Ram Mandir Inauguration: 'रामलला हम आएंगे...' नारा देने वाले कारसेवक को मिला निमंत्रण, देखें उनकी आंदोलन के समय की तस्वीरें
रामजन्मभूमि आंदोलन में गूंजने वाला सबसे अहम नारा 'रामलला हम आएंगे मंदिर वहीं बनाएंगे' नारे को आपने जरूर सुना होगा. यह नारा पूरे राम मंदिर आंदोलन में चर्चा का विषय था. इस नारे के साथ राम मंदिर का आंदोलन आगे बढ़ता रहा, लेकिन इस नारे को देने वाले शख्स की कहानी भी राम मंदिर आंदोलन के साथ चलती रही.
यह नारा बाबा सत्यनारायण मौर्य ने दिया था. अयोध्या में राम मंदिर आंदोलन में दीवारों पर इनके द्वारा लिखे गए नारे और इनके द्वारा गाए जाने वाले गीत उन दिनों खूब प्रचलित थे. इसके बाद से बाबा सत्यनारायण मौर्य राष्ट्रीय कवि बन गए और पूरे देश में जा-जा कर लोगों में राष्ट्र प्रेम की अलख जगाने लगे.
राम मंदिर आंदोलन में बाबा सत्यनारायण का नारा 'रामलला हम आएंगे और मंदिर वहीं बनाएंगे' खूब प्रचलित हुआ था. इस नारे को लेकर विपक्ष ने भी तंज कसा था कि मंदिर वहीं बनाएंगे, लेकिन तारीख नहीं बतायेगे.
बाबा सत्यनारायण मौर्य 1992 में आंदोलन के प्रचार प्रमुख थे और पूरे अयोध्या में उन्होंने वॉल राइटिंग की, जिसमें श्रीराम और हनुमान के चित्रों के साथ नारे भी शामिल थे. राम जन्मभूमि आंदोलन को लेकर उनके गाने की कैसेट भी तब खूब चली थी.
वहीं एबीपी न्यूज से बाबा सत्यनारायण मौर्य ने बताया कि आंदोलन के दौरान अशोक सिंघल आंदोलन के प्रमुख थे. उन्होंने मेरा गीत सुना और उसके बाद मेरा गीत ही आंदोलन का प्रमुख गीत बन गया.
बाबा सत्यनारायण मौर्य बताते हैं कि उस समय का संघर्ष है जो आज मंदिर बन रहा है. उन्होंने बताया कि 6 दिसंबर 1992 को बाबरी ढांचा गिराए जाने के समय भी वह मंच से कारसेवकों को संबोधित किए थे.
बाबा ने पहले बताया था कि 'रामलला हम आएंगे, मंदिर वहीं बनाएंगे' यह नारा बजरंग दल के एक शिविर में निकला था. उज्जैन में 1986 में बजरंग दल के शिविर में पहली बार बाबा सत्यनारायण मौर्य ने यह नारा दिया जो बाद में हर रामभक्त की जुबान पर चढ़ गया.
वहीं अब बाबा को 22 जनवरी को अयोध्या में रामलला के प्राण-प्रतिष्ठा कार्यक्रम में आने का निमंत्रण मिला है.