Chhath Puja 2022: छठ पूजा कब ? पहली बार कर रहे हैं छठ का व्रत तो भूलकर भी न करें ऐसी गलती

छठ पूजा 2022
छठ पूजा 30 अक्टूबर 2022 को है, इस दिन सूर्य को पहला अर्घ्य दिया जाएगा. सूर्य को अर्घ्य देने के लिए स्टील के कलश का इस्तेमाल न करें. तांबे के लौटे से अर्घ्य देना शुभ होता है. इससे साधक पर सूर्यदेव की विशेष कृपा बरसती है.
जो पहली बार छठ का व्रत करने वाले वह साफ-सफाई और पवित्रता का खास ख्याल रखें. नहाय खाय से लेकर व्रत पारण करने तक पलंग या चारपाई पर सोना वर्जित है, क्योंकि यह अशुद्ध होता है. जमीन पर कपड़ा बिछाकर सोएं.
छठ पर्व शुरू होने से एक दिन पहले और व्रत पारण के बाद गलती से भी प्याज, लहसून से युक्त भोजन ग्रहण न करें. व्रती के अलावा घर के बाकी सदस्यों को भी 4 दिन के इस पर्व में तामसिक भोजन नहीं करना चाहिए.
पूजा में बनने वाला प्रसाद शुद्धता के साथ बनाएं. प्रसाद की कोई भी सामग्री गंदे हाथों से न छूएं, प्रसाद को पूजा से पहले गलती से भी जूठा न करें. इससे छठी मैय्या नाराज हो जाती हैं. चार दिन तक व्रती सिर्फ साफ और नए वस्त्र ही पहनें.
पूजा के लिए बांस से बने सूप और टोकरी का ही इस्तेमाल किया जाता है. भूलकर भी स्टील या शीशे के बर्तन का पूजा में उपयोग न करें. इन्हें अशुद्ध माना जाता है. प्रसाद बनाने के लिए गाय के शुद्ध घी का इस्तेमाल करें.