सर्दियों में मिलने वाले इस हरे पत्ते से मिलते हैं सेहत को बड़े लाभ...आप भी कीजिए ट्राई
सर्दियों के मौसम में पानी कम पीने से यूरिन संबंधी अगर समस्या हो जाए तो बथुआ का साग का सेवन करें. बथुआ के साग में मैग्नीशियम, मैगनीज, फास्फोरस आयरन, पोटेशियम जैसे आवश्यक पोषक तत्व पाए जाते हैं, जिसके सेवन से यूरिन इन्फेक्शन की समस्या दूर होती है.
बथुआ के पत्तियों को उबालकर पीस लें दही नमक जीरा और गोल मिर्च पाउडर मिलाकर इस का रायता बना लें. यह लीवर को टॉक्सिन फ्री करेगा.
बथुआ में डाइटरी फाइबर बहुत अधिक होता है, इसे आहार में शामिल करने से पाचन क्रिया सही हो सकती है. इससे कब्ज की समस्या भी दूर होना मुमकिन है
बथुआ के रस में नमक मिलाकर सेवन करने से पेट के कीड़े मर जाते हैं और यह पेट दर्द में आराम देता है.बथुआ के पत्तों में केरिडोल होता है, जिसका प्रयोग आंतों के कीड़े औऱ केंचुए को खत्म करने के लिए किया जाता है.है
बथुआ की पत्तियां ब्लड शुगर को कंट्रोल करने में असरदार है. पुराने जमाने से ही डायबिटीज को कंट्रोल करने के लिए इसकी पत्तियों का रोजाना सेवन करने की सलाह दी जाती है.बथुआ को रक्तशोधक कहा जाता है जो खून के रैलियों को साफ करके ब्लड शुगर को कंट्रोल करता है.इसके लिए आप बथुआ का पराठा रोटी बनाकर खा सकते हैं
बथुआ को उबाल कर इस का रस पीने से या सब्जी बनाकर खाने से चर्म रोग जैसे फोड़े-फुंसी, खुजली में भी आराम मिलता है.