✕
  • होम
  • इंडिया
  • विश्व
  • उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड
  • बिहार
  • दिल्ली NCR
  • महाराष्ट्र
  • राजस्थान
  • मध्य प्रदेश
  • हरियाणा
  • पंजाब
  • झारखंड
  • गुजरात
  • छत्तीसगढ़
  • हिमाचल प्रदेश
  • जम्मू और कश्मीर
  • बॉलीवुड
  • ओटीटी
  • टेलीविजन
  • तमिल सिनेमा
  • भोजपुरी सिनेमा
  • मूवी रिव्यू
  • रीजनल सिनेमा
  • क्रिकेट
  • आईपीएल
  • कबड्डी
  • हॉकी
  • WWE
  • ओलिंपिक
  • धर्म
  • राशिफल
  • अंक ज्योतिष
  • वास्तु शास्त्र
  • ग्रह गोचर
  • एस्ट्रो स्पेशल
  • बिजनेस
  • हेल्थ
  • रिलेशनशिप
  • ट्रैवल
  • फ़ूड
  • पैरेंटिंग
  • फैशन
  • होम टिप्स
  • GK
  • टेक
  • ट्रेंडिंग
  • शिक्षा

वड़ा में बीच में क्यों किया जाता है छेद? जानें इस साउथ इंडियन डिश में छिपा साइंस

एबीपी लाइव   |  03 Jan 2026 07:37 PM (IST)
1

इन स्टॉल्स पर इडली-सांभर, डोसा, मेदु वड़ा और उपमा जैसे कई व्यंजन मिलते हैं, जो स्वाद में लाजवाब होते हैं और नाश्ते व लंच के लिए सबसे ज्यादा पसंद किए जाते हैं. इन्हीं में से एक है मेदु वड़ा, जो लगभग हर साउथ इंडियन रेस्टोरेंट में मिलता है. यह बाहर से कुरकुरा और अंदर से नरम होता है. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि मेदु वड़ा के बीच में छेद या होल क्यों होता है? अगर नहीं, तो आइए जानते हैं.

Continues below advertisement
2

जब मेदु वड़ा बनाया जाता है, तो उसका बैटर उड़द दाल से तैयार किया जाता है और यह काफी गाढ़ा होता है. अगर वड़ा के बीच में छेद न हो, तो वड़ा अंदर से पूरी तरह नहीं पक पाएगा. वैज्ञानिक दृष्टिकोण से भी वड़ा के बीच में छेद होना फायदेमंद माना जाता है. इस डिजाइन की वजह से वड़ा तलते समय फटता नहीं है और समान रूप से पकता है. यही कारण है कि मेदु वड़ा खाने में ज्यादा स्वादिष्ट और लजीज लगता है..

Continues below advertisement
3

मेदु वड़ा के बीच में छेद होने से जब उसे तेल में तला जाता है, तो तेल उस छेद के जरिए अंदर तक पहुंचता है. इससे वड़ा अंदर से नरम और बाहर से ज्यादा कुरकुरा बनता है, जिससे उसका स्वाद और बेहतर हो जाता है.

4

वड़ा के बीच में छेद होने से उसका सरफेस एरिया बढ़ जाता है, यानी वड़ा का ज्यादा हिस्सा तेल के संपर्क में आता है. इससे वड़ा जल्दी पक जाता है. अगर वड़ा में छेद न हो, तो उसे ज्यादा देर तक तलना पड़ता है और वह ज्यादा तेल सोख लेता है, जो सेहत के लिए अच्छा नहीं होता.

5

वड़ा के बीच में छेद होने का एक पारंपरिक कारण भी है. पुराने समय में लोग वड़ों को रस्सी में पिरोकर ले जाया करते थे, ताकि उन्हें एक जगह से दूसरी जगह आसानी से ले जाया जा सके. इसी वजह से वड़ा में छेद करने की परंपरा शुरू हुई.

6

आपको बता दें कि वड़ा एक हेल्दी डिश है जिसे सांभर, चटनी के साथ तो खाया ही जाता है लेकिन कोरा खाने पर भी इसका स्वाद बिगड़ता नहीं है बल्कि और ज्यादा करारा लगता है.

  • हिंदी न्यूज़
  • फोटो गैलरी
  • जनरल नॉलेज
  • वड़ा में बीच में क्यों किया जाता है छेद? जानें इस साउथ इंडियन डिश में छिपा साइंस
Continues below advertisement
About us | Advertisement| Privacy policy
© Copyright@2026.ABP Network Private Limited. All rights reserved.