✕
  • होम
  • इंडिया
  • विश्व
  • उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड
  • बिहार
  • दिल्ली NCR
  • महाराष्ट्र
  • राजस्थान
  • मध्य प्रदेश
  • हरियाणा
  • पंजाब
  • झारखंड
  • गुजरात
  • छत्तीसगढ़
  • हिमाचल प्रदेश
  • जम्मू और कश्मीर
  • बॉलीवुड
  • ओटीटी
  • टेलीविजन
  • तमिल सिनेमा
  • भोजपुरी सिनेमा
  • मूवी रिव्यू
  • रीजनल सिनेमा
  • क्रिकेट
  • आईपीएल
  • कबड्डी
  • हॉकी
  • WWE
  • ओलिंपिक
  • धर्म
  • राशिफल
  • अंक ज्योतिष
  • वास्तु शास्त्र
  • ग्रह गोचर
  • एस्ट्रो स्पेशल
  • बिजनेस
  • हेल्थ
  • रिलेशनशिप
  • ट्रैवल
  • फ़ूड
  • पैरेंटिंग
  • फैशन
  • होम टिप्स
  • GK
  • टेक
  • ट्रेंडिंग
  • शिक्षा
  • ऑटो

Japan Imperial Throne: जापान के सम्राट की कुर्सी पर क्यों नहीं बैठ सकती कोई लड़की, कब से चली आ रही यह परंपरा

स्पर्श गोयल   |  13 Oct 2025 05:52 PM (IST)
Japan Imperial Throne: जापान के सम्राट की कुर्सी पर क्यों नहीं बैठ सकती कोई लड़की, कब से चली आ रही यह परंपरा

Japan Imperial Throne: क्या आप जानते हैं कि जापान में सम्राट की कुर्सी पर कोई लड़की नहीं बैठ सकती? लैंगिक समानता की दिशा में दुनिया भर में चल रहे आंदोलन के बावजूद जापान का राजतंत्र पूरी तरह से पुरुष प्रधान बना हुआ है. यह व्यक्तिगत पसंद का मामला नहीं है बल्कि कानून में है. आइए जानते हैं क्या है इसके पीछे का कारण और यह परंपरा क्यों कायम है.

1

दरअसल जापानी शाही घराना, शाही घराना कानून के द्वारा शासित होता है. इस कानून के अनुसार सिर्फ पुरुष ही सिंहासन के उत्तराधिकारी हो सकते हैं. जिससे यह सुनिश्चित होता है कि सम्राट की पुत्रियां सिंहासन पर नहीं बैठ सकती. इसका असर जापान के सम्राट नारुहितो की इकलौती बेटी राजकुमारी आइको पर भी पड़ा था. उन्हें भी लड़की होने की वजह से सिंहासन का उत्तराधिकारी नहीं माना जाता.

2

यह कानून जापान की सदियों पुरानी पितृसत्तात्मक सोच को दर्शाता है. यह पुरुष प्रधान कानून ऐतिहासिक रूप से शाही परिवार पर शासन करता आ रहा है.

3

आज के समय में प्रतिबंधों के बावजूद जापान का इतिहास महिला सम्राटों से खाली नहीं है. प्राचीन काल में कई महिलाओं ने जापान पर राज किया जिनमें 17वीं शताब्दी की महारानी भी शामिल हैं.

4

दूसरे विश्व युद्ध के बाद युद्धोत्तर संविधान और 1947 के शाही सदन कानून के साथ महिलाओं का सिंहासन से औपचारिक बहिष्कार कर दिया गया. इस कानून के तहत आधिकारिक तौर पर सिर्फ पुरुषों कोई उत्तराधिकारी माना गया.

5

जापान का प्राचीन धर्म शिंटो भी पुरुष उत्तराधिकार को कायम रखने में एक बड़ी भूमिका निभाता है. इस धर्म में सम्राट को आध्यात्मिक अधिकार वाला एक दिव्य प्राणी माना जाता है.

6

सिर्फ पुरुषों के उत्तराधिकार की परंपरा जापान के प्रसिद्ध प्रथम सम्राट, सम्राट जिम्मू के समय से चली जार ही है. सम्राट जिम्मू के शासनकाल से सिर्फ पुरुषों ने ही सम्राट की गद्दी संभाली है.

  • हिंदी न्यूज़
  • फोटो गैलरी
  • जनरल नॉलेज
  • Japan Imperial Throne: जापान के सम्राट की कुर्सी पर क्यों नहीं बैठ सकती कोई लड़की, कब से चली आ रही यह परंपरा
About us | Advertisement| Privacy policy
© Copyright@2026.ABP Network Private Limited. All rights reserved.