एयरपोर्ट पर क्यों पाले जाते हैं बाज, क्या होता है इनका काम?

हमें अगर कहीं बाहर जाना होता है और यात्रा दूर की होती है तो हम हवाई जहाज का सहारा लेते हैं. इसके जरिए कम समय में हम लंबी दूरी की यात्रा करते हैं. हवाई जहाज और एयरपोर्ट के बारे में ऐसी कई बातें हैं, जिनके बारे में शायद आप नहीं जानते होंगे. क्या आप जानते हैं कि एयरपोर्ट पर बाज क्यों पाले जाते हैं और एयरपोर्ट के ऊपर उनको क्यों उड़ाया जाता है, चलिए जानें.
अधिक ऊंचाई पर हवाई जहाज उड़ने के दौरान पक्षियों का मिलना आम है, ऐसे में उनको रोकने के लिए उपाय किए जाते हैं.
हवाई जहाज पर बाज इसलिए उड़ाए जाते हैं, ताकि हवाई अड्डों आसपास पक्षियों को कंट्रोल में किया जा सके.
अगर बाज के जरिए पक्षियों को नियंत्रित नहीं किया जाएगा तो वे विमानों से टकरा सकते हैं, इससे उनके विंग्स टूटने का खतरा होता है.
बाज अपने शिकारी स्वभाव के कारण अन्य पक्षियों को हवाई अड्डों के क्षेत्र में आने से रोकते हैं और विमानों की सुरक्षा करने में मदद करते हैं.
हालांकि हवाई अड्डों पर पक्षियों को कंट्रोल करने के लिए बाज के अलावा और भी कई तकनीकों का इस्तेमाल किया जाता है, जैसे कि पक्षी-रोधी उपकरण, जाल और आवाजों का इस्तेमाल.
फाल्कनर बाज़ों को प्रबंधित करने और प्रशिक्षित करने का काम करते हैं और उनका काम इन पक्षियों को हवाई अड्डे के आसमान में गश्त करना सिखाना है, ताकि अन्य पक्षी प्रजातियों को दूर रखा जा सके.
अगर कोई पक्षी विमान से टकरा जाए तो प्लेन के इंजन में आग लगने का खतरा हो सकता है, जिससे यात्रियों की जान पर खतरा हो सकता है.