अगर एक सांप दूसरे सांप को काट ले तो क्या होगा, क्या दोनों पर होगा जहर का असर?
हकीकत यह है कि सांप कई बार एक-दूसरे को काट लेते हैं. ऐसा आमतौर पर दो परिस्थितियों में होता है. पहली, जब प्रजनन के मौसम में नर सांप मादा को पाने के लिए आपस में भिड़ जाते हैं. दूसरी, जब कोई सांप गलती से या जानबूझकर दूसरे सांप को शिकार समझ ले.
किंग कोबरा इसका सबसे बड़ा उदाहरण है, जो दूसरे सांपों को अपना भोजन बनाता है. सभी सांप ऐसा नहीं करते हैं. अजगर जैसे सांप आमतौर पर स्तनधारी जीवों का शिकार करते हैं और दूसरे सांपों से दूर रहते हैं. वहीं किंग कोबरा, रैट स्नेक और कुछ अन्य प्रजातियां सांपों को ही खाना पसंद करती हैं.
इसी वजह से इन सांपों का शरीर दूसरे सांपों के जहर के लिए पहले से तैयार होता है. इस सवाल का जवाब सीधा हां या नहीं में नहीं है. अगर एक ही प्रजाति के दो सांप हों, जैसे कोबरा और कोबरा, तो अक्सर जहर का असर बहुत कम या न के बराबर होता है. इसकी वजह यह है कि उनके शरीर में उसी जहर के खिलाफ प्राकृतिक प्रतिरोधक क्षमता विकसित हो चुकी होती है.
लेकिन अगर दो अलग-अलग प्रजातियों के सांप हों, तो स्थिति बदल सकती है. मान लीजिए किंग कोबरा किसी दूसरे विषैले सांप को काट ले, तो कई मामलों में उसका जहर असर दिखा सकता है. हालांकि किंग कोबरा जैसे सांपों के शरीर में ऐसी खास इम्युनिटी होती है, जो उन्हें दूसरे सांपों के जहर से काफी हद तक सुरक्षित रखती है.
यही कारण है कि वे न सिर्फ दूसरे सांपों को काटते हैं, बल्कि उन्हें खाकर भी जिंदा रहते हैं. वैज्ञानिक शोध बताते हैं कि कुछ सांपों के खून में ऐसे तत्व होते हैं जो जहर को बेअसर कर देते हैं. इन्हें एंटीजन या एंटीबॉडी जैसी संरचनाएं कहा जा सकता है.
यह इम्युनिटी जन्म से नहीं, बल्कि विकास की प्रक्रिया के दौरान बनी है. जो सांप दूसरे सांपों का शिकार करते हैं, उनके शरीर ने धीरे-धीरे जहर से लड़ने की ताकत विकसित कर ली है. सांपों की लड़ाई अक्सर जानलेवा नहीं होती.
प्रजनन के समय नर सांपों की लड़ाई देखने में भले ही खतरनाक लगे, लेकिन इसमें जहर का इस्तेमाल बहुत कम होता है. इसे कॉम्बैट डांस कहा जाता है, जहां दोनों सांप एक-दूसरे को दबाने और ताकत दिखाने की कोशिश करते हैं.