भारत का वो आखिरी गांव जहां से स्वर्ग गए पांडव!
इन्हीं शास्त्रों में पांडवों का भी जिक्र है. जिन्हें महाभारत का महत्वपूर्ण योद्धा माना जाता है. वहीं इनका संबंध एक गांव से भी है, जिसके बारे में ये भी कहा जाता है कि यहां जाने से गरीबी दूर हो जाती है.
मान्यताओं की मानें तो इस गांव को भगवान शिव का आशिर्वाद मिला हुआ है. जहां जाना एक तरह से कष्टों का निवारण माना जाता है.
दरअसल ये विचित्र गांव बदरीनाथ से 4 किलोमीटर की दूरी पर चीन की सीमा पर स्थित है. इस गांव का नाम माणा है.
वहीं इसका पौराणिक नाम मणिभद्र है. कहा जाता है कि पांडव इसी गांव से होकर स्वर्ग गए थे. इस गांव में अलकनंदा और सरस्वती नदी का संगम भी है.
कहते हैं कि स्वर्ग जाते समय पांडवों ने जब इस गांव में सरस्वती नदी से रास्ता मांगा था तो उन्होंने इंकार कर दिया था. उस समय भीम ने विशाल पत्थल नदी के ऊपर रख दिए थे, इससे जो पुल बना उसे अब भीम पुल के नाम से जाना जाता है.