'मेरी शर्ट तक फाड़ दी गई थी', जब भीड़ से घिर गए थे टीवी के ‘मिहिर विरानी’ दिल दहला देगा किस्सा
दरअसल एबीपी लाइव से बात करते हुए, अमर उपाध्याय ने एक हैरान कर देने वाली घटना का खुलासा किया है. अमर ने बताया कि वह साल 2000 में एक बार अपने बच्चे और दोस्तों के साथ ताज महल देखने गए थे. भीड़ में से किसी ने उन्हें 'मिहिर' के रूप में पहचान लिया, और कुछ ही मिनटों में, उन्हें कम से कम 50 लोगों ने घेर लिया था.
अमर ने बताया ताजमहल के बाहर एक लंबी लाइन लगी थी, और जब हम जाने के लिए मुड़ रहे थे तो भीड़ में से किसी ने मुझे देखा और मुझे मिहिर के रूप में पहचान लिया. कुछ ही मिनटों में मुझे पुलिस और 50-60 सुरक्षा कर्मियों ने घेर लिया. मौके पप सैकड़ों लोग इकट्ठा हो गए थे, लेकिन गार्ड किसी तरह मुझे ताज महल परिसर के अंदर ले जाने में कामयाब रहे.
अमर ने आगे बताया, वहां भारी भीड़ थी और जैसे ही उन्होंने मुझे देखा, उन्होंने सभी पुलिसकर्मियों और गार्डों को एक तरफ धकेल दिया और मुझे बेरहमी से घेर लिया गया. लोग मुझे खींच रहे थे और धक्का दे रहे थे, फोटोग्राफर मेरी तस्वीरें खींच रहे थे, कुछ ने ऑटोग्राफ मांगे, मैं नहीं कर सका समझ गया कि क्या हो रहा था.”
एक्टर ने आगे कहा, “इस सब के बीच, किसी ने मेरी टी-शर्ट फाड़ दी, मैं किसी तरह बाहर निकलने में कामयाब रहe और देखा कि मेरे कपड़े फटे हुए थे और मैं नाखून के निशान, खरोंच और चोटों से भरा हुआ था.'
इंटरव्यू के दौरान अमर उपाध्याय पुरानी यादों में भी चले गए और उस समय के बारे में बात की, जब शो क्योंकि सास भी कभी बहू थी में उनके किरदार के निधन पर काफी हंगामा हुआ था. एक्टर ने कहा कि एकता कपूर ने उनकी मौत को स्क्रीन पर इतना हाईप किया कि वहां हंगामा मच गया. अभिनेता ने कहा कि यहां तक कि उनकी मां भी रो पड़ीं, जबकि वह उनके ठीक बगल में बैठे थे.
एक्टर ने आगे कहा इतना ही नहीं, रील लाइफ में उनकी मौत से इतना हंगामा मचा कि ई-मेल सर्वर और टेलीफोन लाइनें क्रैश हो गईं.
उन्होंने यह भी बताया कि कैसे सफेद कपड़े पहने 15-20 महिलाएं उनकी मौत पर शोक मनाने के लिए उनके घर पहुंच गई थीं. खैर, एक्टर को देखने के बाद वे हैरान रह गईं और जब एक्टर की मां ने उनसे पूछा कि वे सफेद ड्रेस में क्यों हैं तो उन महिलाओं ने कहा कि वे मिहिर की मौत पर शोक मनाने आई हैं और फिर उन्हें डांट पड़ी थी.