Holika Dahan 2025: होलिका की रात ऐसे करें मंत्र जाप, सिद्ध होते हैं सारे काम

होलिका दहन 2025
अहकूटा भयत्रस्तै: कृता त्वं होलि बालिशै: अतस्वां पूजयिष्यामि भूति-भूति प्रदायिनीम। होलिका दहन की रात इस मंत्र का उच्चारण एक माला, तीन माला या फिर पांच माला विषम संख्या में करें. मान्यता है कि इसके प्रभाव से समस्त कार्य सिद्ध हो जाते हैं सुख, समृद्धि और सफलता के खोलता है.
होलिका दहन की रात होलिका की पूजा करें और फिर ऊं नमों भगवते वासुदेवाय नम: मंत्र का जाप करें. कहते हैं ये उपाय हर विपदा से व्यक्ति की रक्षा करता है, संकट उसे छू नहीं पाते.
कई दिनों से नौकरी में सफलता नहीं मिल रही है, विरोधी काम में बाधा डाल रहा है तो होलिका दहन की रात ‘ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्। उर्वारुकमिव बन्धनान् मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्’ का रुद्राक्ष की माला से 108 बार जाप करें. मान्यता है इससे सर्व कार्य सिद्ध होते हैं.
भय और समस्या से मुक्ति पाने के लिए होलिका दहन की रात में गायत्री माता के महामंत्र ‘ॐ भूर्भुव: स्व: तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो न: प्रचोदयात्’ का जाप करना लाभदायी होता है.
इस साल होलिका दहन 13 मार्च 2025 को रात 11 बजकर 26 से देर रात 12 बजकर 30 मिनट के बीच करना श्रेष्ठ होगा. इस दिन भद्रा काल 13 घंटे रहेगा, इसलिए दहन के लिए ये मुहूर्त सबसे शुभ है.
होलिका दहन के समय ॐ होलिकायै नम: का जाप करना चाहिए, इसके बाद अपनी मनोकामना बोलकर होलिका में नारियल अर्पित करना शुभ होता है.