प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बांग्लादेश की पूर्व PM खालिदा जिया के बेटे और बांग्लादेश राष्ट्रवादी पार्टी के कर्ताधर्ता तारिक रहमान को लिखे शोक पत्र में उनके साथ अपने जुड़ाव को याद किया. पीएम मोदी ने आशा व्यक्त की कि बांग्लादेश के लोग साझा मूल्यों, लोकतांत्रिक परंपराओं और राष्ट्रीय एकता की गहरी भावना से प्रेरित होते रहेंगे.
खालिदा जिया संग मुलाकात का किया जिक्रपीएम मोदी ने संवेदना व्यक्त करते हुए पत्र में लिखा कि मुझे जून 2015 में ढाका में बेगम साहिबा के साथ हुई मुलाकात और चर्चाएं अच्छी तरह से याद हैं. वो (खालिदा जिया) असाधारण दृढ़ संकल्प और दृढ़ निश्चय वाली नेता थीं और उन्होंने बांग्लादेश की पहली महिला प्रधानमंत्री होने का गौरव प्राप्त किया. पीएम मोदी ने लिखा कि उन्होंने बांग्लादेश के विकास के साथ-साथ भारत-बांग्लादेश संबंधों को मजबूत करने में भी कई महत्वपूर्ण योगदान दिए.
पीएम मोदी ने शोक संदेश में क्या कहापीएम मोदी ने शोक संदेश में कहा कि उनके (खालिदा जिया) निधन से एक अपूरणीय शून्य उत्पन्न हो गया है, लेकिन उनकी दूरदृष्टि और विरासत अमर रहेगी. मुझे विश्वास है कि बांग्लादेश राष्ट्रवादी पार्टी में उनके आदर्शों को आगे बढ़ाया जाएगा और ये भारत और बांग्लादेश के बीच गहरे और ऐतिहासिक साझेदारी को समृद्ध बनाने और एक नई शुरुआत सुनिश्चित करने के लिए मार्गदर्शक बने रहेंगे.
तारिक रहमान PM पद के प्रबल दावेदार बांग्लादेश की तीन बार प्रधानमंत्री रहीं और बीएनपी की प्रमुख खालिदा जिया का मंगलवार (30 दिसंबर) को लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया. उनके अंतिम संस्कार में बुधवार को राजधानी ढाका में हजारों लोग शामिल हुए, जिनमें विभिन्न देशों के गणमान्य व्यक्ति भी थे. उन्हें ढाका के शेर-ए-बांग्ला नगर में उनके पति जियाउर रहमान के बगल में राजकीय सम्मान के साथ दफनाया गया. 12 फरवरी को होने वाले चुनाव में प्रधानमंत्री पद के प्रबल दावेदार तारिक रहमान, खालिदा जिया के सबसे बड़े बेटे हैं.
तारिक रहमान से मुलाकात के दौरान जयशंकर ने लोकतंत्र में जिया के योगदान को स्वीकार किया. उन्होंने फरवरी में होने वाले चुनावों के बाद भारत-बांग्लादेश संबंधों में आई दरार को लेकर आशा व्यक्त की. ढाका की पाकिस्तान और उसके सदाबहार दोस्त चीन के साथ बढ़ती नजदीकियों पर भारत की पैनी नजर है.
ये भी पढ़ें