PM Modi Donald Trump Meet Live: 'पीएम मोदी का यूएस दौरा रहा सफल', ट्रंप संग मुलाकात के बाद भारत के लिए प्रधानमंत्री रवाना
PM Modi Donald Trump Meet Live: पीएम मोदी से मिलते ही ट्रंप ने उन्हें गले लगा लिया. पीएम मोदी ने कहा ऐसा लग रहा है कि जैसे पुराने मित्र ने फिर से स्वागत किया है.

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PM Modi Donald Trump Meet Live: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो दिनों के अमेरिका के दौरे पर हैं. वो शुक्रवार को व्हाइट हाउस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मिले. मिलते...More
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मुलाकात के बाद भारत और अमेरिका ने संयुक्त बयान जारी किया.
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सोशल मीडिया पर लिखा, "भारत-अमेरिका की दोस्ती और गहरी होगी. ये तस्वीरें दोनों नेताओं के बीच सौहार्द्र की बयान कर रही हैं.
दोनों देश के नेताओं ने खालिस्तान मुद्दे पर भी चर्चा की. इस दौरान जारी बयान में कहा गया, "संगठित अपराध सिंडिकेटों के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई करने के लिए कानून प्रवर्तन सहयोग को मजबूत किया जाएगा, जिसमें नार्को-आतंकवादियों, मानव और हथियार तस्करों के साथ-साथ सार्वजनिक और राजनयिक सुरक्षा और सुरक्षा, और दोनों देशों की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता को खतरा पहुंचाने वाले अन्य तत्व शामिल हैं.
अमेरिका की सार्थक यात्रा के बाद पीएम मोदी नई दिल्ली के लिए रवाना हुए. गौरतलब है कि प्रधानमंत्री राष्ट्रपति ट्रंप के शपथ ग्रहण के बाद संयुक्त राज्य अमेरिका का दौरा करने वाले कुछ विश्व नेताओं में से एक हैं. उन्हें नए प्रशासन के कार्यभार संभालने के तीन सप्ताह के भीतर यात्रा करने के लिए आमंत्रित किया गया था.
पीएम मोदी ब्लेयर हाउस से एयरपोर्ट के लिए रवाना हो गए हैं. इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से पांच साल बाद मुलाकात करते हुए कहा, "हमने आपको बहुत मिस किया."
विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा,"बांग्लादेश को लेकर दोनों नेताओं ने बात की है.प्रधानमंत्री ने बांग्लादेश में हाल के घटनाक्रमों के संबंध में अपनी चिंताओं को साझा किया और बताया कि भारत इसे कैसे देखता है? हमें उम्मीद है कि बांग्लादेश में स्थिति उस दिशा में आगे बढ़ेगी जहां हम रचनात्मक तरीके से संबंधों को आगे बढ़ा सकते हैं, लेकिन पीएम ने अपनी चिंता साझा की है.
विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा कि बातचीत के दौरान अवैध अप्रवासियों का मुद्दा उठा था. हम उन्हें वापस लेंगे. PM मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि अवैध अप्रवासियों की वापसी कहानी का अंत नहीं है. एक इको सिस्टम है, जिसके खिलाफ कदम उठाना दोनों देशों की जिम्मेदारी है.
प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच द्विपक्षीय बैठक पर विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कहा, "व्यापार और निवेश के क्षेत्र में दोनों नेताओं ने मिशन-500 की शुरुआत की, जिसका लक्ष्य 2030 तक कुल द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना से अधिक करके 500 बिलियन डॉलर करना है."
सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने लिखा, "मेक अमेरिका ग्रेट अगेन (MAGA) + मेक इंडिया ग्रेट अगेन (MIGA)=समृद्धि के लिए मेगा साझेदारी."
विदेश मंत्रालय ने अपने बयान में कहा, "प्रधानमंत्री ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निमंत्रण पर संयुक्त राज्य अमेरिका की एक बहुत ही सार्थक यात्रा पूरी की है. राष्ट्रपति ट्रंप के दूसरे कार्यकाल के लिए शपथ लेने के बाद यह प्रधानमंत्री की संयुक्त राज्य अमेरिका की पहली यात्रा है. यह यात्रा इस बात का संकेत है कि दोनों नेता भारत-अमेरिका संबंधों को कितनी प्राथमिकता देते हैं."
बयान में आगे कहा "राष्ट्रीय खुफिया विभाग की नई नियुक्त निदेशक तुलसी गबार्ड ने प्रधानमंत्री को फोन किया. प्रधानमंत्री ने एलन मस्क और विवेक रामास्वामी से मुलाकात की. व्हाइट हाउस में चर्चा 4 घंटे तक चली. चर्चा में कई मुद्दों पर चर्चा हुई. रणनीतिक और सुरक्षा सहयोग, रक्षा, व्यापार और आर्थिक जुड़ाव, प्रौद्योगिकी, ऊर्जा सुरक्षा और लोगों के बीच संबंधों से लेकर क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों तक संबंधों के सभी पहलुओं पर चर्चा की गई."
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया, " राष्ट्रपति ट्रंप अक्सर MAGA के बारे में बात करते हैं. भारत में, हम एक विकसित भारत की दिशा में काम कर रहे हैं, जिसका अमेरिकी संदर्भ में अर्थ MIGA है और साथ मिलकर, भारत-अमेरिका समृद्धि के लिए एक मेगा साझेदारी कर रहे हैं."
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 13 फरवरी को वाशिंगटन डीसी स्थित व्हाइट हाउस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात के दौरान उन्हें ‘अवर जर्नी टुगेदर’ पुस्तक भेंट की.
रूस-यूक्रेन युद्ध को डी-एस्केलेट करने में भारत की भूमिका के बारे में पूछे जाने पर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, "मैं हमेशा रूस और यूक्रेन के साथ निकट संपर्क में रहा हूं. मैंने दोनों देशों के नेताओं से मुलाकात की है. कई लोगों को गलतफहमी है कि भारत तटस्थ है, लेकिन मैं फिर से कहना चाहता हूं कि भारत तटस्थ नहीं है. हमारा एक पक्ष है और हमार पक्ष है शांति. मैंने राष्ट्रपति पुतिन की मौजूदगी में मीडिया के सामने कहा था कि यह युद्ध का समय नहीं है. युद्ध के मैदान में समस्याओं के समाधान नहीं निकलते हैं वो टैबल पर चर्चा करके ही निकलता है."
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, "आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में भारत और अमेरिका एक साथ खड़े रहेंगे. हम इस बात पर सहमत हैं कि सीमा पार आतंकवाद के उन्मूलन के लिए ठोस कार्रवाई आवश्यक है. मैं राष्ट्रपति का आभारी हूं कि उन्होंने 2008 में भारत में नरसंहार करने वाले अपराधी को अब भारत के हवाले करने का निर्णय किया है. भारत की अदालतें उसके खिलाफ उचित कार्रवाई करेंगी."
क्या अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ बैठक में कारोबारी गौतम अडानी के खिलाफ मामले पर चर्चा हुई?' के सवाल पूछे जाने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, "भारत एक लोकतांत्रिक देश है और हमारी संस्कृति 'वसुधैव कुटुम्बकम' की है, हम पूरी दुनिया को एक परिवार मानते हैं. हर भारतीय को मैं अपना मानता हूं. ऐसे व्यक्तिगत मामलों के लिए दो देशों के मुखिया न मिलते है न बैठते हैं न बात करते हैं."
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, " मुझे लगता है कि चीन के साथ हमारे संबंध बहुत अच्छे होंगे. कोविड-19 महामारी से पहले तक राष्ट्रपति शी के साथ मेरे संबंध बहुत अच्छे थे. मुझे लगता है कि चीन दुनिया में एक बहुत महत्वपूर्ण खिलाड़ी है. मुझे लगता है कि वे यूक्रेन और रूस के साथ इस युद्ध को खत्म करने में हमारी मदद कर सकते हैं. मैं भारत को देखता हूं, मैं सीमा पर झड़पों को देखता हूं जो काफी क्रूर हैं.अगर मैं मदद कर सकता हूं, तो मुझे मदद करना अच्छा लगेगा. मुझे उम्मीद है कि चीन, भारत, रूस और अमेरिका, हम सभी साथ मिल कर काम कर सकते हैं. यह बहुत महत्वपूर्ण है."
पीएम मोदी ने ज्वाइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि हमने द्विपक्षीय व्यापार को 2030 तक दोगुना यानी 500 बिलियन डॉलर करने का लक्ष्य रखा है. हमारी टीमें ट्रेड डील पर जल्द काम करेंगी.अगले दशक के लिए रक्षा सहयोग फ्रेमवर्क बनाया जाएगा. हिंद प्रशांत क्षेत्र में शांति और समृद्धि में महत्वपूर्ण भूमिका होगी. हम आतंकवाद के खिलाफ साथ में खड़े हैं. पीएम मोदी ने ट्रंप को भारत आने का न्योता दिया.
IMEC (भारत-मिडिल ईस्ट-यूरोप इकोनॉमिक कॉरिडोर) पर, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, 'हम इतिहास में सबसे महान ट्रेड रूट में से एक के निर्माण में मदद करने के लिए मिलकर काम करने पर सहमत हुए हैं. मैं मानता हूं कि PM मोदी मुझसे बेहतर नेगोशिएटर हैं.
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि मैंने 5 साल पहले आपके खूबसूरत देश की यात्रा की थी. वह एक अविश्वसनीय समय था. दुनिया के सबसे पुराने और सबसे बड़े लोकतंत्र- अमेरिका और भारत के बीच एक खास रिश्ता है.
ट्रंप ने कहा कि मुझे यह घोषणा करते हुए खुशी हो रही है कि मेरे प्रशासन ने भारत में न्याय का सामना करने के लिए 2008 के मुंबई आतंकवादी हमले के साजिशकर्ताओं (तहव्वुर राणा) में से एक के प्रत्यर्पण को मंजूरी दे दी है. व
अमेरिकी दौरे पर गए पीएम मोदी ने डोनाल्ड ट्रंप से कहा कि भारत-अमेरिका संबंधों को मजबूत बनाने में आपका बहुत बड़ा योगदान रहा है. मुझे विश्वास है कि आपके दूसरे कार्यकाल में हम और तेजी से काम करेंगे.
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, 'पीएम मोदी का यहां होना बड़े सम्मान की बात है. वह मेरे बहुत पुराने दोस्त हैं. मेरे पिछले कार्यकाल में अमेरिका भारत के संबंध मजबूत रहे. हमने अभी फिर से शुरुआत की है. वे हमारे तेल और गैस खरीदने जा रहे हैं. हमारे पास दुनिया के किसी भी अन्य देश की तुलना में अधिक तेल और गैस है. उन्हें इसकी जरूरत है.
रिपोर्टर ने ट्रंप से पूछा कि भारत के साथ सख्त होकर चीन से कैसे निपटेंगे तो ट्रंप ने कहा कि हम किसी को भी मात दे सकते हैं लेकिन हम किसी को मात देने के बारे में नहीं सोचते.
पीएम मोदी ने कहा, 'ट्रंप ने एक पुराने दोस्त की तरह मेरा स्वागत किया. उन्होंने मुझे नमस्ते ट्रंप और हाउडी मोदी की याद दिलाई.'
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पीएम मोदी से मुलाकात को लेकर कहा कि उन्हें भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलकर बेहद अच्छा लगा. उन्हें दोनों देशों के बीच कई व्यापार सौदे की उम्मीद है. ट्रंप ने व्हाइट हाउस में मोदी के साथ बातचीत शुरू करते हुए कहा, "हम भारत और अमेरिका के लिए कुछ शानदार व्यापार सौदे करने जा रहे हैं."
पीएम मोदी से मुलाकात के बाद ट्रंप ने कहा कि हमारे संबंध बहुत मजबूत हैं. उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी को अपना दोस्त बताया. वहीं पीएम मोदी ने दूसरी बार अमेरिका का राष्ट्रपति चुने जाने पर ट्रंप को बधाई दी.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के तुरंत बाद विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोभाल और अमेरिका में भारत के राजदूत विनय मोहन क्वात्रा सहित भारतीय प्रतिनिधिमंडल भी व्हाइट हाउस पहुंचा.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वाशिंगटन डीसी स्थित व्हाइट हाउस में बैठक चल रही है. यह बैठक डोनाल्ड ट्रंप द्वारा अमेरिका में आयात शुल्क बढ़ाने की योजना पेश करने के कुछ ही समय बाद हो रही है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व्हाइट हाउस पहुंच चुके हैं. यहां उनका स्वागत किया गया. कुछ देर में वह डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात करेंगे. यह ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद पीएम मोदी की उनसे पहली मुलाकात है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वागत के लिए व्हाइट हाउस के परिसर में स्वागत की तैयारी कर ली गई है. पीएम मोदी जल्द यहां पहुंचने वाले हैं. वे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से यहां मुलाकात करेंगे. 20 जनवरी, 2025 को राष्ट्रपति ट्रंप के 47वें अमेरिकी राष्ट्रपति के रूप में शपथ लेने के बाद दोनों नेताओं के बीच यह पहली मुलाकात होगी.
राष्ट्रपति ट्रंप ने रूस और यूक्रेन युद्ध के बारे में अपना पुराना बयान दोहराया है. उन्होंने कहा है कि अगर वो प्रेसिडेंट होते तो कभी भी ये युद्ध नहीं होता और इस युद्ध को अब समाप्त होना ही होगा. राष्ट्रपति पुतिन और राष्ट्रपति जेलेंस्की के साथ वो बात कर रहे हैं.
कनाडा को लेकर फिर ट्रंप ने कहा है कि वो अमेरिका का 51वां राज्य है. ट्रंप ने कहा कि अमेरिका को उनके प्रोडक्ट्स की जरूरत नहीं है और वो इस बारे में 'गवर्नर' ट्रूडो से बात कर चुके हैं.
ट्रंप ने ब्रिक्स देशों को एक बार फिर धमकी दी है. उन्होंने साफ शब्दों में कहा है कि 'डॉलर के साथ खेलने पर' 100 प्रतिशत टैरिफ लगाया जाएगा. उन्होंने कहा कि अगर ब्रिक्स देश डॉलर के साथ खेलते हैं तो उन्हें 100 प्रतिशत टैरिफ का सामना करना पड़ेगा.
वाणिज्य सचिव हॉवर्ड लुटनिक ने कहा कि अगर एक तारीख तक हमारे सभी अध्ययन पूरे हो गए तो हम उन्हें राष्ट्रपति को सौंप देंके और फिर वो चाहें तो टैरिफ 2 अप्रैल से लागू कर सकते हैं.
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, 'भारत दुनिया के सबसे ज्यादा टैरिफ लगाने वाले देशों में से एक है. कुछ छोटे देश हैं जो वास्तव में अधिक टैरिफ लगाते हैं लेकिन भारत जबरदस्त टैरिफ वसूलता है. मुझे याद है जब हार्ले डेविडसन भारत में अपनी मोटरसाइकिलें नहीं बेच सकी क्योंकि भारत में- टैक्स बहुत अधिक था, टैरिफ बहुत ज्यादा था.'
रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस दौरान रूस को लेकर भी बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि वे रूस को G7 में वापस देखना चाहते हैं. ट्रंप ने कहा कि मैं रूस को जी-7 में वापस लाना पसंद करूंगा, रूस को बाहर करना एक गलती थी.
व्हाइट हाउस के एक अधिकारी ने गुरुवार को कहा कि यह जानबूझकर उठाया गया कदम है, ताकि देशों को अमेरिका के साथ संभावित रूप से नई व्यापार शर्तों पर बातचीत करने का समय मिल सके. हालांकि टैरिफ तत्काल प्रभाव से लागू नहीं होंगे.
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात से कुछ घंटे पहले ही रेसिप्रोकल टैरिफ योजना की घोषणा की. ट्रंप ने कहा,''न ज्यादा, न कम... वे हमसे टैक्स या टैरिफ वसूलेंगे हम भी वही करेंगे. कोई नहीं जानता कि कौन अमेरिका से कितना वसूल रहा है. आप एक देश जाइए और फिर देखिए कि वे हमसे क्या वसूल रहे हैं." ओवल ऑफिस में प्रेस से बात करते हुए ट्रंप ने कहा कि व्यापार के मामले में अमेरिका के सहयोगी अक्सर दुश्मनों से भी बदतर होते हैं. इसलिए अमेरिका के साथ जो जैसा करेगा हम वैसा करेंगे.
PM मोदी के साथ मीटिंग से पहले ट्रंप ने रेसिप्रोकल टैरिफ लागू कर दिया है. रेसिप्रोकल टैरिफ का मतलब जब किसी देश को अन्य देश से एक्सपोर्ट और इंपोर्ट पर समान टैरिफ चुकाना पड़ता है तो उसे रेसिपोकल टैरिफ कहा जाता है. डोनाल्ड ट्रंप ने रेसिप्रोकल टैरिफ की घोषणा करते हुए कहा कि, जो देश हम पर टैरिफ लगाएगा, हम उस पर टैरिफ लगाएंगे.
PM मोदी के साथ मीटिंग से पहले ट्रंप ने रेसिप्रोकल टैरिफ लागू कर दिया है. रेसिप्रोकल टैरिफ का मतलब जब किसी देश को अन्य देश से एक्सपोर्ट और इंपोर्ट पर समान टैरिफ चुकाना पड़ता है तो उसे रेसिपोकल टैरिफ कहा जाता है. डोनाल्ड ट्रंप ने रेसिप्रोकल टैरिफ की घोषणा करते हुए कहा कि, जो देश हम पर टैरिफ लगाएगा, हम उस पर टैरिफ लगाएंगे.
पीएम नरेंद्र मोदी के साथ द्विपक्षीय बैठक के बाद भारतीय मूल के उद्यमी विवेक रामास्वामी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का यहां स्वागत करके खुशी और सम्मानित महसूस हुआ. उम्मीद है कि उनका दौरा शानदार रहेगा.
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "एलन मस्क के परिवार से मिलना और अलग-अलग विषयों पर बातचीत करना भी खुशी की बात थी!" उन्होंने आगे कहा, वाशिंगटन डीसी में एलन मस्क के साथ बहुत अच्छी बैठक हुई. हमने विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की, जिनमें वे मुद्दे भी शामिल हैं जिनके बारे में वह भावुक हैं. उदाहरण के लिए अंतरिक्ष, गतिशीलता, प्रौद्योगिकी और नवाचार. मैंने सुधार और ‘न्यूनतम सरकार, अधिकतम शासन’ को आगे बढ़ाने की दिशा में भारत के प्रयासों के बारे में बात की.
ब्लेयर हाउस के बाहर एकत्र हुए और बांग्लादेश के मुख्य सलाहकार मुहम्मद यूनुस के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी अमेरिकी यात्रा के दौरान ब्लेयर हाउस में ठहरे थे, इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने नारे लगाए "पद छोड़ो, पद छोड़ो! हत्यारा यूनुस, हत्यारा यूनुस!" यह प्रदर्शन बांग्लादेश में राजनीतिक तनाव के बीच हुआ है, जहां यूनुस की नियुक्ति को सत्तारूढ़ पार्टी के समर्थकों की ओर से कड़ा विरोध झेलना पड़ा है.
अमेरिका के वाशिंगटन डीसी में ब्लेयर हाउस के बाहर भारतीय प्रवासी इकट्ठे हुए और इन लोगों ने ‘वंदे मातरम’ और ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाए. साथ में पीएम मोदी के लिए भी नारे लगाए.
प्रधानमंत्री मोदी ने अमेरिकी एनएसए से मुलाकात के बाद कहा, "वह हमेशा से भारत के अच्छे मित्र रहे हैं. रक्षा, प्रौद्योगिकी और सुरक्षा भारत-अमेरिका संबंधों के महत्वपूर्ण पहलू हैं और इन मुद्दों पर हमारी शानदार चर्चा हुई. एआई, सेमीकंडक्टर, अंतरिक्ष और अन्य क्षेत्रों में सहयोग की प्रबल संभावना है."
अमेरिका के दौरे पर गए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मिलने के लिए भारतीय समय के मुताबिक गुरुवार-शुक्रवार (14 फरवरी, 2025) रात 2:30 बजे व्हाइट हाउस पहुंचेंगे. इसके बाद इन दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय बैठक होगी. रात 3:40 बजे दोनों नेता प्रेस स्टेटमेंट देंगे. फिर सुबह 4:10 बजे से सुबह 5:10 बजे तक दोनों नेताओं का डिनर कार्यक्रम होगा.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने के लिए अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बेहद करीबी नेता विवेक रामास्वामी पहुंचे हैं.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मुलाकात से पहले बांग्लादेश के लोगों ने व्हाइट हाउस के बाहर प्रदर्शन किया. इस दौरान इन लोगों ने भारत के पड़ोसी देश में शांति बहाली की मांग की है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और टेस्ला के सीईओ एलन मस्क के बीच वाशिंगटन डीसी के ब्लेयर हाउस में द्विपक्षीय बैठक शुरू हो चुकी है.
पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रंप की मुलाकात से पहले व्हाइट हाउस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, 'चीन के मामले में राष्ट्रपति ट्रंप को इस बात पर गर्व है कि उन्होंने भारत के साथ साझेदारी को बढ़ाया है और मजबूत किया है, खास तौर पर चीन के साथ सीमा संकट के मामले में.'
स्पेसएक्स और टेस्ला कंपनी के मालिक एलन मस्क प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने के लिए पहुंचे हैं. इस दौरान उनके साथ उनका परिवार भी साथ दिखा. वो अपने बच्चों के हाथों में हाथ डालकर पीएम मोदी से मिलने के लिए पहुंचे.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मुलाकात अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से होगी. इस दौरान व्यापार, रक्षा और प्रौद्योगिकी में सहयोग पर चर्चा हो सकती है.
यूएसआईएसपीएफ ने पीएम मोदी का स्वागत किया. वे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से कुछ देर में मुलाकात करेंगे. यूएसआईएसपीएफ ने एक्स पर कहा, "दोनों नेताओं की मुलाकात अमेरिका-भारत रणनीतिक साझेदारी की मजबूती को मजबूत करती है. आर्थिक और रणनीतिक संबंधों को मजबूत करने में उनके अटूट समर्थन के लिए हमारे प्रायोजकों का आभारी हूं!"
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