कोलकाता: केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने आज एक बार फिर नारद टेप घोटाले की जांच के सिलसिले में बीजेपी नेता मुकुल रॉय से पूछताछ की. सीबीआई की टीम घोटाले की जांच के घेरे में आए आईपीएस अधिकारी एसएमएच मिर्जा को लेकर मुकुल रॉय के आवास पर पहुंची थी.

बीजेपी नेता रॉय से कल भी करीब तीन घंटे तक पूछताछ की गई थी. सीबीआई कार्यालय से बाहर निकलते हुए उन्होंने कहा था, ‘‘कानून का पालन करने वाले एक नागरिक के तौर पर जांच एजेंसी के साथ सहयोग करना मेरा दायित्व है. फिर जब कभी बुलाया जाएगा, मैं आऊंगा.’’

पश्चिम बंगाल के सत्तारूढ़ दल तृणमूल कांग्रेस के संस्थापक सदस्य रहे रॉय पिछले साल नवंबर में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) में शामिल हो गये थे. पूर्व रेल मंत्री ने कहा कि वह ’तृणमूल कांग्रेस की सुप्रीमो ममता बनर्जी द्वारा रची गयी साजिश में शामिल नहीं थे, मैंने कोई पैसा नहीं लिया.’

जब उनसे पूछा गया कि क्या उनसे और आईपीएस एसएमएच मिर्जा से एकसाथ पूछताछ की गयी तो उन्होंने कहा, ‘‘यह एजेंसी का अंदरूनी विषय है. इस पर टिप्पणी करना मेरे लिए उपयुक्त नहीं है.’’ सीबीआई ने बृहस्पतिवार को इस घोटाले की जांच के सिलसिले में आईपीएस अधिकारी एसएमएच मिर्जा को गिरफ्तार किया था.

नारद वीडियो में तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं से मिलते-जुलते लोग फायदा पहुंचाने के एवज में एक फर्जी कंपनी के प्रतिनिधियों से पैसे लेते हुए नजर आते हैं. ये वीडियो पश्चिम बंगाल के 2016 के विधानसभा चुनाव से पहले जारी किये गये थे.

रॉय ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी उनके खिलाफ ‘झूठे’ मामले दर्ज कर रही है जिसका अदालत में कोई आधार नहीं है. जब नारद न्यूज पोर्टल के मैथ्यू सैम्यूएल्स ने यह स्टिंग ऑपरेशन किया था तब मिर्जा बर्दवान जिले के पुलिस अधीक्षक थे.