राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने पेश किया मोदी सरकार का रिपोर्ट कार्ड, पहली बार राफेल पर बोले
राष्ट्रपति ने अपने अभिभाषण के दौरान मोदी सरकार के कार्यकाल के दौरान किए गए कामों का उल्लेख किया. बजट सत्र आज से शुरू हो चुका है जो 13 फरवरी तक चलेगा.
ABP News BureauLast Updated: 31 Jan 2019 01:16 PM

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Budget session Live: राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के अभिभाषण के साथ संसद का बजट सत्र आज से शुरू हो जाएगा. इसके लिए सरकार और विपक्षी पार्टियों ने तैयारी पूरी कर ली...More
Budget session Live: राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के अभिभाषण के साथ संसद का बजट सत्र आज से शुरू हो जाएगा. इसके लिए सरकार और विपक्षी पार्टियों ने तैयारी पूरी कर ली है. यह सत्र काफी अहम माना जा रहा है क्योंकि मौजूदा मोदी सरकार का आखिरी सत्र है. कल सरकार अंतरिम बजट पेश करेगी. इस बजट में किसानों और मध्यम वर्ग का खास ध्यान रखा जाएगा. सूत्रों के अनुसार इसमें आयकर छूट सीमा बढ़ाने, गरीबों के लिये न्यूनतम आय योजना और किसानों के लिये सहायता पैकेज सहित कई तरह की लोक लुभावन घोषणायें की जा सकती हैं. संसद का बजट सत्र आज से शुरू होकर 13 फरवरी तक चलेगा. सत्र के दौरान बजट के अलावा सरकार नागरिकता विधेयक, तीन तलाक विधेयक जैसे विवादास्पद विधेयक को पारित कराने का प्रयास करेगी जिसे कई दलों के कड़े विरोध का सामना करना पड़ा है. नागरिकता विधेयक पर जेडीयू जैसे बीजेपी के सहयोगी दल एतराज जता चुके हैं . सरकार के एजेंडे में जन प्रतिनिधित्व संशोधन अधिनियम 2017 है जिसमें प्राक्सी के जरिये एनआरआई को मतदान करने की सुविधा प्रदान की बात कही गई है. इसके साथ ही राष्ट्रीय मेडिकल काउंसिल विधेयक भी एजेंडे में है. इनमें से कुछ महत्वपूर्ण विधेयक राज्यसभा में अटके हुए हैं. नागरिक संशोधन विधेयक राज्यसभा में लंबित है जहां विपक्ष इसमें देशों के नाम से बांग्लादेश का नाम हटाने की मांग कर रहा है जिसके शरणार्थी नागरिकता के लिये आवेदन करने के पात्र बन जायेंगे. शीतकालीन सत्र में यह विधेयक लोकसभा से पारित हो चुका है. राज्यसभा में इसे प्रवर समिति को भेजे जाने की मांग हो रही है. सत्र के दौरान सरकार की ओर से अयोध्या में गैर विवादित 67 एकड़ जमीन को उसके मूल मालिकों को लौटाने के संबंध में उच्चतम न्यायालय में पेश अर्जी का मुद्दा भी उठ सकता है. बीजेपी अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण की पक्षधर है. विपक्ष की ओर से सरकार के लोकलुभाव घोषणाओं का विरोध किये जाने की भी उम्मीद है. इसके अलावा केंद्रीय मंत्रिमंडल ने असम समेत पूर्वोत्तर के चार राज्यों में स्वायत्त परिषदों पर संविधान संशोधन को मंजूरी दी है और सरकार की योजना उसे भी इसी सत्र में पेश करने की है. जानकारों का मानना है कि चुनावों के मद्देनजर सरकार इसमें अपनी उपलब्धियों को गिनाने की कोशिश करेगी. वहीं, विपक्ष सरकार को घेरने में कोई कसर नहीं छोड़ेगा. ऐसे में इस सत्र के भी हंगामेदार होने के पूरे आसार हैं.
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने कहा कि विश्व के पटल पर भारत की शक्ति बढ़ी है और देश का सम्मान भी बढ़ा है. देश का पासपोर्ट पहले से अधिक मजबूत हुआ है और इसकी महत्ता भी बढ़ी है. मेरी सरकार ने देश के विकास के लिए हर क्षेत्र में काम किया है और दुनिया में भारत और इसकी अर्थव्यवस्था का स्थान पहले से और अधिक ऊंचा हुआ है.