दुनिया भर के फॉरेक्स मार्केट में जब भी मजबूत करेंसी की बात आती है, तो लोगों का ध्यान अक्सर खाड़ी देशों या पश्चिमी देशों की तरफ जाता है. लेकिन मलेशियाई करेंसी ने सबको हैरान कर दिया है. हम बात कर रहे हैं मलेशिया की आधिकारिक मुद्रा 'मलेशियाई रिंगित' की, जो ग्लोबल उतार-चढ़ाव के बीच अमेरिकी डॉलर के सामने मजबूती से टिकी हुई है. अगर आप मलेशिया घूमने का प्लान बना रहे हैं या वहां के बाजार को समझना चाहते हैं, तो यह जानना जरूरी है कि वहां भारतीय रुपये की आज क्या कीमत है.
डॉलर के सामने रिंगित की मजबूत स्थिति
ग्लोबल करेंसी मार्केट में इन दिनों मलेशिया की करेंसी यानी मलेशियाई रिंगित काफी शानदार और मजबूत स्थिति में कारोबार कर रही है. दुनिया की सबसे ताकतवर मानी जाने वाली मुद्रा अमेरिकी डॉलर को यह घरेलू करेंसी कड़ी टक्कर दे रही है. अगर वर्तमान विदेशी विनिमय दरों की बात करें तो अंतरराष्ट्रीय बाजार में 1 अमेरिकी डॉलर खरीदने के लिए सिर्फ 3.96 से 3.98 मलेशियाई रिंगित ही खर्च करने पड़ रहे हैं. डॉलर के मुकाबले रिंगित का यह मजबूत दायरा दिखाता है कि मलेशियाई अर्थव्यवस्था वैश्विक दबावों को कितनी आसानी से झेल रही है.
आठ सालों का सबसे शानदार प्रदर्शन
मलेशियाई रिंगित का यह मौजूदा स्तर कोई सामान्य उतार-चढ़ाव नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक लंबा आर्थिक सुधार छिपा हुआ है. वित्तीय विशेषज्ञों के अनुसार, रिंगित के लिए यह दौर पिछले करीब 8 सालों के इतिहास में सबसे बेहतरीन और मजबूत स्तरों में से एक माना जा रहा है. पिछले कुछ वर्षों में जहां दुनिया की कई बड़ी और विकासशील देशों की करेंसी डॉलर के मुकाबले लगातार कमजोर हुई हैं, वहीं रिंगित ने अपनी वैल्यू को न सिर्फ बरकरार रखा है बल्कि उसमें लगातार बढ़ोतरी भी दर्ज की है.
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क्यों मजबूत हो रही मलेशिया की करेंसी?
रिंगित की इस रिकॉर्डतोड़ मजबूती के पीछे मलेशिया की मजबूत आर्थिक नीतियां और रणनीतिक व्यापारिक फैसले जिम्मेदार हैं. सबसे बड़ा कारण देश की मजबूत आर्थिक वृद्धि और इलेक्ट्रॉनिक्स के क्षेत्र में आया जबरदस्त उछाल है, विशेषकर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की सप्लाई चेन में मलेशिया की बढ़ती भूमिका. इसके साथ ही, देश के डेटा-सेंटर सेक्टर में दुनिया भर से आ रहे भारी विदेशी निवेश ने वहां के बाजार में नकदी के प्रवाह को बढ़ा दिया है. इन सभी कारणों ने मिलकर रिंगित को पूरे एशिया की सबसे मजबूत मुद्राओं की कतार में खड़ा कर दिया है.
भारत और मलेशिया का नया व्यापारिक अध्याय
अंतरराष्ट्रीय व्यापार के मोर्चे पर भी मलेशिया लगातार अपनी निर्भरता को पश्चिमी देशों से कम कर रहा है. अपनी अर्थव्यवस्था और स्थानीय मुद्रा को और ज्यादा गति देने के लिए मलेशिया ने हाल ही में भारत के साथ व्यापारिक समझौतों में एक बड़ा बदलाव किया है. अब दोनों देशों के बीच होने वाला द्विपक्षीय व्यापार अमेरिकी डॉलर के बजाय सीधे अपनी स्थानीय मुद्राओं, यानी मलेशियाई रिंगित और भारतीय रुपये (INR) में किया जा रहा है. इस कदम से दोनों ही देशों को डॉलर कन्वर्जन के अतिरिक्त खर्च से बड़ी राहत मिली है.
जानिए मलेशिया में कितने होंगे भारत के 1000 रुपये
अब बात करते हैं उस सबसे अहम सवाल की जो हर भारतीय टूरिस्ट या बिजनेसमैन के मन में होता है. अगर आप मौजूदा एक्सचेंज रेट के हिसाब से देखें, तो मलेशिया की करेंसी भारत के मुकाबले वैल्यू में काफी बड़ी है. भारतीय करेंसी की तुलना जब रिंगित से की जाती है, तो वर्तमान दरों के मुताबिक भारत के 1000 रुपये मलेशिया के बाजार में जाने के बाद करीब 41.68 मलेशियाई रिंगित के बराबर होते हैं. इसका सीधा मतलब यह है कि वहां का 1 रिंगित भारत के लगभग 24 रुपये के बराबर बैठता है.
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