Hajj Travel Cost From India: हज 2026 की औपचारिक की शुरुआत आज से हो गई है. सऊदी अरब के पवित्र शहर मक्का में लाखों मुस्लिम श्रद्धालु मीना पहुंच चुके हैं और अगले कई दिनों तक चलने वाले हज के मुख्य धार्मिक अनुष्ठान शुरू हो गए हैं. दुनिया की सबसे बड़ी आध्यात्मिक यात्राओं में शामिल हज के बीच इस बार भारत से गए यात्रियों के खर्च को लेकर भी काफी चर्चा हो रही है.
दरअसल, कुछ समय पहले हुए हवाई किराए में बढ़ोतरी के कारण इस बार भारतीय हाजियों पर एक्स्ट्रा आर्थिक बोझ बढ़ गया है. ऐसे में चलिए आज हम आपको बताते हैं कि भारत से हज यात्रा पर जाने में कितना रुपया खर्च करना पड़ता है और इसका पूरा हिसाब कितना होता है.
आज से शुरू हो रहा है हज का पहला दिन
इस्लामिक कैलेंडर के आठवें जिलहिज्जा को हज का पहला दिन माना जाता है. इसी दिन लाखों हाजी मक्का से मीना की ओर रवाना होते हैं. मीना को सिटी ऑफ टेंट्स कहा जाता है, जहां लाखों लोगों के ठहरने के लिए बड़े पैमाने पर सफेद टेंट लगाए जाते हैं. इस साल करीब 15 लाख से ज्यादा हाजियों के मीना पहुंचने की तैयारी की गई है. सऊदी प्रशासन ने लगभग 24,000 बसों की व्यवस्था की है. मीना में 45,000 से ज्यादा आधुनिक और वातानुकूलित टेंट लगाए गए हैं, जिनमें लाखों लोगों के ठहरने की क्षमता है. भीषण गर्मी और 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचते तापमान को देखते हुए इस बार एआई आधारित क्राउड मैनेजमेंट सिस्टम ड्रोन फेस रिकग्निशन तकनीक, मेडिकल कैंप, कूलिंग सिस्टम और हजारों सीसीटीवी कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है.
भारत से कितने लोग पहुंचे हज पर?
भारतीय हज समिति के अनुसार इस साल भारत से करीब 1 लाख 75 हजार 25 श्रद्धालु हज यात्रा पर पहुंचे हैं. दिल्ली, मुंबई, लखनऊ, हैदराबाद, श्रीनगर समेत कई शहरों से विशेष हज फ्लाइट्स संचालित की गई है. इस बार भारतीय यात्रियों की सुविधा के लिए जीपीएस और सिम कार्ड वाली स्मार्ट वॉच भी दी गई है, जिससे भीड़ में खो जाने की स्थिति में लोकेशन आसानी से ट्रैक की जा सकती है.
भारत से हज जाने में कितना आता है खर्च?
भारत से हज यात्रा का कुल खर्च पैकेज और सुविधाओं के आधार पर अलग-अलग होता है. आमतौर पर एक व्यक्ति के लिए हज का खर्च करीब 6 लाख रुपये से 10 लाख रुपये तक पहुंच सकता है. इस राशि में फ्लाइट टिकट, मक्का और मदीना में होटल खाने पीने की व्यवस्था, स्थानीय ट्रांसपोर्ट वीजा और अन्य व्यवस्थाएं शामिल होती है. हज यात्रा के लिए अलग-अलग तरह के पैकेज उपलब्ध होते हैं, जिनमें इकोनामी, सेमी डीलक्स और डीलक्स पैकेज शामिल है. वहीं प्राइवेट और प्रीमियम पैकेज का खर्च इससे भी लाख से ज्यादा हो सकता है.
किन चीजों पर होता है सबसे ज्यादा खर्च?
हज यात्रा के दौरान सबसे बड़ा खर्च हवाई टिकट पर आता है. हर साल हज सीजन में फ्लाइट का किराया बढ़ जाता है. इस बार भी एविएशन टर्बाइन फ्यूल की कीमत और मिडिल ईस्ट तनाव के कारण हवाई यात्रा महंगी हुई है. रिपोर्ट के अनुसार इस बार प्रति व्यक्ति प्रति यात्री करीब 10,000 एक्स्ट्रा पेमेंट करना पड़ रहा है. ऐसे में परिवारों के साथ जाने वालों का कुल बजट काफी बढ़ गया है. फ्लाइट के अलावा होटल स्टे, ग्राउंड, ट्रांसपोर्ट, खाने पीने की व्यवस्था, मेडिकल सुविधाएं और स्थानीय यात्रा पर भी अच्छा खासा खर्च आता है. इसके अलावा कुछ व्यक्तिगत खर्च जैसे शॉपिंग, लॉन्ड्री, एक्स्ट्रा खाना और दूसरी जरूरत के लिए अलग से बजट रखना पड़ता है. अगर कोई परिवार चार से पांच लोगों के साथ हज यात्रा पर जाता है, तो कुल खर्च 25 लाख से 40 लाख रुपये तक पहुंच सकता है.
