दक्षिण एशिया में शक्ति संतुलन और रक्षा विशेषज्ञता को लेकर अक्सर भारत और पाकिस्तान के मिसाइल कार्यक्रमों की तुलना की जाती है. भारत द्वारा 6 अगस्त को ओडिशा के चांदीपुर से मध्यम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल (IRBM) अग्नि-4 के सफल परीक्षण के बाद से दोनों देशों के हथियारों की ताकत पर नई बहस शुरू हो गई है. अग्नि-4 भारत के न्यूक्लियर डिटेरेंस का एक बेहद मजबूत स्तंभ है. ऐसे में यह सवाल उठना वाजिब है कि क्या पाकिस्तान के पास अग्नि-4 के बराबर रेंज और क्षमता वाली कोई बैलिस्टिक मिसाइल मौजूद है या नहीं.

Continues below advertisement

अग्नि-4 की रेंज और भारत की रणनीतिक बढ़त

भारत की अग्नि-4 मिसाइल एक अत्याधुनिक इंटरमीडिएट-रेंज बैलिस्टिक मिसाइल (IRBM) की श्रेणी में आती है. इसकी मारक क्षमता 3,500 किलोमीटर से लेकर 4,000 किलोमीटर तक है. यह मिसाइल भारत को अपने सभी प्रतिस्पर्धी और पड़ोसी देशों के रणनीतिक ठिकानों पर अचूक और भीषण हमला करने की क्षमता देती है. 4,000 किलोमीटर तक की यह विशाल रेंज भारत की सीमाओं से बहुत दूर तक मौजूद सैन्य अड्डों और शहरों को कवर कर लेती है, जिससे भारत का सामरिक रुख काफी मजबूत और आक्रामक हो जाता है.

Continues below advertisement

पाकिस्तान की सबसे लंबी दूरी की मिसाइल 

क्या पाकिस्तान के पास अग्नि-4 का कोई सीधा मुकाबला है? इसका सीधा जवाब है नहीं. पाकिस्तान के पास 4,000 किलोमीटर की रेंज में सीधे टक्कर देने वाली कोई बैलिस्टिक मिसाइल प्रणाली उपलब्ध नहीं है. पाकिस्तान के शस्त्रागार में सबसे लंबी दूरी तक मार करने वाली परमाणु-सक्षम मिसाइल शाहीन-3 है. सतह से सतह पर वार करने वाली इस सॉलिड-फ्यूल आधारित मिसाइल की अधिकतम रेंज लगभग 2,750 किलोमीटर है. यह पाकिस्तान की शीर्ष मिसाइल होने के बावजूद भारत की अग्नि-4 से लगभग 1,250 किमी पीछे है.

यह भी पढ़ें: अग्नि-4 की जद में चीन-पाकिस्तान के कौन-कौन से शहर, कितनी ताकतवर यह मिसाइल?

पाकिस्तान के मिसाइल बेड़े का पूरा ब्योरा

पाकिस्तान के रक्षा तंत्र में मुख्य रूप से तीन से चार प्रमुख बैलिस्टिक मिसाइलें शामिल हैं, जिनकी सीमाएं अलग-अलग हैं:

शाहीन-3 (Shaheen-III): 2,750 किमी की अधिकतम मारक क्षमता के साथ पाकिस्तान की सबसे लंबी दूरी की मिसाइल.

शाहीन-2 (Shaheen-II): इसकी रेंज लगभग 1,500 से 2,000 किलोमीटर तक है, जो मध्यम दूरी के ठिकानों के लिए उपयोग की जाती है.

गौरी-1 और गौरी-2 (Ghauri): इनकी रेंज 1,250 से 1,500 किलोमीटर के बीच है और ये लिक्विड-फ्यूल (द्रव ईंधन) तकनीक पर काम करती हैं.

अबाबिल (Ababeel): यह पाकिस्तान की एमआईआरवी (MIRV) तकनीक से लैस मिसाइल है, जिसकी रेंज करीब 2,200 किलोमीटर है.

रेंज और दूरी का अंतर

भारत और पाकिस्तान की मिसाइल तकनीकों में सबसे बड़ा अंतर रेंज और रणनीतिक गहराई का है. जहां पाकिस्तान की शाहीन-3 केवल 2,750 किलोमीटर तक पहुंच सकती है, वहीं भारत की अग्नि-4 आसानी से 3,500 से 4,000 किलोमीटर की दूरी तय कर लेती है. पाकिस्तान की मिसाइल रणनीति मुख्य रूप से भारतीय भूभाग को ध्यान में रखकर बनाई गई है. इसके उलट, भारत की अग्नि-4 और इसके बाद की अग्नि-5 मिसाइलें केवल पाकिस्तान ही नहीं, बल्कि चीन के सुदूर अंदरूनी हिस्सों और उसके पूरे रणनीतिक दायरे को सुरक्षित रूप से कवर करती हैं.

तकनीक, गति और एडवांस गाइडेंस सिस्टम

केवल रेंज ही नहीं, बल्कि अंदरूनी तकनीक और मिसाइल सुरक्षा के मामले में भी अग्नि-4 काफी आगे है. अग्नि-4 सॉलिड-प्रोपेलेंट तकनीक, एडवांस रिंग लेजर जायरोस्कोप (RINS) और अत्याधुनिक माइक्रो-नेविगेशन प्रणाली से लैस है. इसके अलावा इसमें स्वदेशी रूप से विकसित कार्बन-कंपोजिट हीट शील्ड का इस्तेमाल हुआ है, जो वायुमंडल में पुनः प्रवेश (री-एंट्री) के दौरान उत्पन्न 4,000°C जैसे अत्यधिक तापमान को सहने में सक्षम है. यह तकनीक मिसाइल के वॉरहेड और इलेक्ट्रॉनिक्स को सुरक्षित रखते हुए दुश्मन के किसी भी मिसाइल डिफेंस सिस्टम को आसानी से चकमा दे देती है.

यह भी पढ़ें: क्या मस्जिद से जबरन लाउडस्पीकर उतरवा सकती है सरकार? क्या है नियम