Air India Plane Crash: अहमदाबाद में एयर इंडिया के विमान क्रैश में 60 साल के पायलट कैप्टन सुमित सभरवाल की भी जान चली गई. वो आने वाले कुछ दिनों में रिटायर होने वाले थे. उनकी मौत से आस-पड़ोस के लोग भावुक हैं. लंबे समय से पायलट के तौर पर काम कर रहे सभरवाल अपने 90 वर्षीय पिता पुष्करराज के साथ मुंबई में पवई के जलवायु विहार में रह रहे थे. 

इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, पड़ोसियों ने कहा कि वह रिटायरमेंट से कुछ ही महीने दूर थे और उन्होंने अपने बूढ़े पिता के साथ घर पर ज्यादा समय बिताने की योजना बनाई थी. पुष्करराज पहले नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) में काम कर चुके हैं. 

जलवायु विहार के एक पड़ोसी ने कहा, "वह बहुत ही संकोची और अनुशासित व्यक्ति थे. हम उन्हें अक्सर वर्दी में आते-जाते देखते थे, लेकिन वह बहुत ही संकोची व्यक्ति थे." 

सभरवाल अपने पीछे अपनी बड़ी बहन को छोड़ गए हैं, जो दिल्ली में रहती हैं. उनके दो बेटों ने भी यही पेशा अपनाया है और दोनों ही कमर्शियल पायलट हैं.

 

सुमित सभरवाल की बड़ी बहन

 

सभरवाल की मौत न केवल उनके परिवार के लिए बल्कि पवई के लिए भी एक सदमा है, जहां वे कई वर्षों से रह रहे थे. 

सुमीत सभरवाल के एक पारिवारिक मित्र ने उन्हें (हाउसिंग) सोसाइटी का एक अच्छा सदस्य बताते हुए कहा कि इस खबर पर विश्वास नहीं हो रहा है.

पारिवारिक मित्र विंग कमांडर (सेवानिवृत्त) संजय पई ने कहा, “जब सोसाइटी के सदस्यों को कल उनकी मौत के बारे में पता चला तो हम सभी सदमे में आ गए. कई लोग उनके परिवार से मिलने आए.  विश्वास करना कठिन है कि वह अब इस दुनिया में नहीं हैं.”  

गुरुवार दोपहर को 230 यात्रियों और चालक दल के 12 सदस्यों को लेकर अहमदाबाद के सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से उड़ान भरने के कुछ ही सेकेंड के बाद बोइंग 787 ड्रीमलाइनर विमान (एआई171) मेडिकल कॉलेज के परिसर में क्रैश हो गया. 

इसमें सवार गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी समेत 241 लोगों की मौत हो गई. मात्र एक शख्स की जान बच सकी. विमान डॉक्टर हॉस्टल के ऊपर क्रैश हुआ, इसकी वजह से कई डॉक्टर्स की भी जान चली गई.  कुल 265 लोगों की मौत हुई है.

उड़ान की कमान कैप्टन सुमित सभरवाल के हाथों में थी. उनके साथ फर्स्ट ऑफिसर क्लाइव कुंदर भी थे. सभरवाल के पास 8,200 घंटे की उड़ान का अनुभव था, जबकि कुंदर के पास 1,100 घंटे की उड़ान का अनुभव था.