बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) चुनाव में महायुति की जीत के बाद महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने मुंबई के 29 शिवसेना नव-निर्वाचित नगरसेवकों को स्पष्ट संदेश देते हुए कहा कि अब समय तुरंत काम में जुटने का है. एकनाथ शिंदे ने कहा कि जनता ने भावनात्मक मुद्दों को नहीं, बल्कि विकास को चुना है और इसी भरोसे पर खरा उतरना सभी की जिम्मेदारी है.
नगरसेवकों को संबोधित करते हुए एकनाथ शिंदे ने कहा कि बीजेपी महायुति की सहयोगी पार्टी है और सरकार द्वारा लिए गए फैसलों का जमीनी स्तर पर प्रभावी क्रियान्वयन होना चाहिए. उन्होंने विजयी उम्मीदवारों को बधाई दी और पराजित उम्मीदवारों की भी सराहना करते हुए कहा कि लोकतंत्र में सभी का योगदान महत्वपूर्ण है.
वार्ड के लिए स्पष्ट कार्ययोजना तैयार करें
शिंदे ने नगरसेवकों से अपने-अपने वार्ड के लिए स्पष्ट कार्ययोजना तैयार करने और उन्हें मुंबई का सर्वश्रेष्ठ वार्ड बनाने का आह्वान किया. उन्होंने कहा कि जनता को किसी भी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए और यह सुनिश्चित किया जाए कि नगरसेवकों के खिलाफ एक भी शिकायत न रहे. उप-मुख्यमंत्री ने कहा, "आपकी जिम्मेदारी केवल चुनाव जीतने तक सीमित नहीं है. अब असली काम शुरू होता है."
साफ-सफाई, पानी और कचरा प्रबंधन को प्राथमिकता
शिंदे ने साफ-सफाई, पानी और कचरा प्रबंधन को प्राथमिकता देने पर जोर दिया. उन्होंने सुबह जल्दी उठकर वार्ड का दौरा करने, स्वच्छता की निगरानी करने और 'डीप क्लीन ड्राइव' शुरू करने के निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि जिन इमारतों को ऑक्यूपेंसी सर्टिफिकेट (OC) मिल चुका है, वहां नियमों का सख्ती से पालन हो और मुंबई को 'पगड़ी-मुक्त' बनाने की दिशा में काम किया जाए.
एकनाथ शिंदे ने कहा कि वार्डों में बदलाव साफ दिखाई देना चाहिए. स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार, बाजार, मंडई, व्यायामशाला और स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स जैसे बड़े विकास कार्यों के प्रस्ताव तैयार किए जाएं. उन्होंने निर्देश दिया कि नगरसेवक लोगों के बीच सक्रिय रूप से दिखाई दें, जनता की राय लें और उन्हें विकास की प्रक्रिया में सहभागी बनाएं.
महाराष्ट्र की जनता ने शिवसेना UBT को नकारा
उन्होंने यह भी कहा कि महाराष्ट्र की जनता ने उद्धव बालासाहेब ठाकरे (UBT) गुट को नकार दिया है और महायुति को जो अवसर मिला है, उसे "सोने में बदलने" की जिम्मेदारी अब नगरसेवकों की है. शिंदे ने कहा, "यह जीत केवल चुनावी जीत नहीं है, यह जनता का विश्वास है. हमें इस विश्वास को कायम रखना होगा."
'नगर सेवक' बनकर मुंबई के विकास को गति दें
शिंदे ने उम्मीद जताई कि सभी निर्वाचित प्रतिनिधि सही मायनों में "नगर सेवक" बनकर मुंबई के विकास को नई गति देंगे. उन्होंने नगरसेवकों से कहा कि वे अपने पद का दुरुपयोग न करें और हमेशा जनता की सेवा को प्राथमिकता दें. उप-मुख्यमंत्री ने कहा, "आप चुनकर आए हैं, लेकिन याद रखें कि आप 'नगर स्वामी' नहीं, 'नगर सेवक' हैं. यह जनता की अमानत है."
विकास ही असली मुद्दा
शिंदे ने जोर देकर कहा कि भावनात्मक मुद्दे हार गए हैं और विकास जीत गया है. उन्होंने नगरसेवकों से कहा कि वे इस सीख को हमेशा याद रखें और अपने कार्यकाल में विकास को ही केंद्र में रखें. यह संदेश महायुति के लिए एक नई रणनीति की ओर इशारा करता है, जहां विकास को प्राथमिकता दी जाएगी और भावनात्मक राजनीति से दूरी बनाई जाएगी.