नई दिल्ली: भारत से एक महीने के भीतर दो चक्रवाती तूफान अम्पुन और निसर्ग टकराए हैं. इन दोनों तूफानों ने बड़े स्तर पर जान और माल  को नुकसान पहुंचाया है. इन दोनों तूफानों के बाद सोशल मीडिया पर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकीं कारों, बाइकों की फोटोज पर वायरल हो रही हैं, लेकिन घबराने की जरुरत नहीं क्योंकि तेज हवाओं से बर्बाद हुई कारों और बाइक की लागत मोटर इश्योरेंस के जरिए आप वसूल सकते हैं. मोटर ओन डैमेज (Motor own damage- OD) कवर चक्रवात, बाढ़, भूस्खलन, तूफान और भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदाओं के कारण होने वाले नुकसान से आपको वित्तीय सुरक्षा प्रदान करता है. अगर आपका व्हीकल हाल के चक्रवातों में डैमेज हुआ है, तो आपको अपनी बीमा कंपनी में दावा दायर करने के लिए इन स्टेप्स को फोलो करना चाहिए. सबसे पहले अपने व्हीकल को छूने से पहले इंश्योरेंस कंपनी को फोन करें अगर आपके व्हीकल पर पेड़ या कुछ और गिर गया है जिसकी वजह से आपके व्हीकल को नुकसान पहुंचा है तो उसे निकालने कोशिश न करें. अगर आप ऐसा करते हुए वाहन को नुकसान पहुंचाते हैं, तो आपके क्लेम के भुगतान में देरी होगी. हर बीमा कंपनी का एक टोल-फ्री नंबर होता है. 48 घंटों के भीतर इस नंबर पर कॉल करें और घटना और वाहन से जुड़ी डिटेल कंपनी को दें. अपना पॉलिसीनंबर और व्हीकल रजिस्ट्रेशन डिटेल को संभाल कर रखें अगर गाड़ी को इस्तेमाल करने की तुरंत जरूरत है, तो आप पास के ओथराइज्ड गैराज पर जा सकते हैं और वाहन को रिपेयर करवा सकते हैं. हालांकि इस दौरान सभी कागजात जैसे इंस्पेक्शन डॉक्यूमेंट के साथ ही स्पेयर पार्ट्स की खरीद और सभी रिपेयर बिलों को संभाल कर रखें. वाहन की तस्वीरें लें कोरोनावायरस (COVID-19) लॉकडाउन के कारण, भारत भर में सामान्य बीमाकर्ता ऑनलाइन और मोबाइल के फोन जरिए दावों को दाखिल करने की परमिशन दे रहे हैं. इसके लिए, आपका नुकसान कितना हुआ यह दिखाने के लिए फोटोग्राफ्स की जरुरत पड़ती है. अपने मोबाइल फोन के कैमरे का उपयोग करते हुए, गाड़ी के अंदर (यदि सुरक्षित) और बाहर से तस्वीरों को क्लिक करें और इसे इंश्योरेंस कंपनी को भेजें. गाड़ी के जाने का इंतजार करें सभी बीमा कंपनियों का भारत भर में गैराज के साथ टाई-अप है. एक बार जब आप क्लेम कर देते हैं, तो बीम कंपनी वाहन को ले जाने के लिए गैराज से किसी को भेज देती हैं. गाड़ी की जांच कर मरम्मत की अनुमानित लागत गैराज द्वारा बीमा कंपनी को बता दिया जाता है. आपके बीमा कवर के आधार पर, कंपनी दावे का भुगतान करेगी. अगर कोई खास स्पेयर पार्ट बदला गया है जो बीमा पॉलिसी द्वारा कवर नहीं होता है तो आपको उसका भुगतान करना होगा. इसके अलावा, अगर वाहन का उपयोग बीमाधारक के अलावा किसी और व्यक्ति द्वारा किया जा रहा था और उस अवधि के दौरान नुकसान हुआ है, तो दावे के खारिज होने की संभावना है. जरूरत पड़ने पर एक सर्वेक्षक दावों का निरीक्षण कर सकता है अगर 50,000 रुपये तक का मोटर क्लेम होता है कि किसी सर्वेक्षक की जरुरत नहीं होती है. लेकिन अगर किसी एसयूवी या एक लक्जरी कार / बाइक की बड़ी रकम है, तो यह जरूरी है कि एक लॉस एसेसर नियुक्त किया जाए. एसेसर को नुकसान की सीमा का आकलन करने और यह घोषित करने के लिए चुना जाएगा कि बीमा कंपनी द्वारा कितना पैसा दिया जाना है. गाड़ी के क्लेम को क्यों खारिज किया जाता है? हालांकि बीमा कंपनियां चक्रवात जैसी घटनाओं के मामलों में दावों का भुगतान करेंगी लेकिन ऐसे भी मामले हैं जहां केवल आंशिक भुगतान किया गया या दावे की ही खारिज कर दिया गया. ऐसा इन कारणों से हो सकता है. - इंश्योरर को देर से सूचित किया गया: आपको बीमाकर्ता को 48 घंटों के भीतर नुकसान की सूचना देनी जानी चाहिए. -कार रजिस्ट्रेशन डिटेल गलत होने पर: यदि आपने जिस वाहन का बीमा कराया है, वह आपके नाम पर नहीं है या किसी अन्य व्यक्ति द्वारा वाहन को चलाया गया है, तो यह दावा नहीं माना जाता. - अनऑथराइज्ड मॉडिफिकेशन: जिस वाहन का बीमा हो उसके लिए किया गया कोई भी मॉडिफिकेशन बीमा कंपनी की पूर्व अनुमति के साथ होना चाहिए नहीं तो आपका दावा खारिज हो सकता है. -गाड़ी को निरीक्षण से पहले रिपेयर कराना: हालांकि यह सलाह दी जाती है कि पॉलिसी होल्डर बीमा कंपनी को क्षतिग्रस्त वाहनों को ले जाने का इंतजार करें, सड़क के किनारे के अनऑथराइज्ड आउटलेट से रिपेयर कराने पर या तो दावा खारिज हो सकता है या उसका आंशिक भुगतान होगा. ऐसा इसलिए है क्योंकि अनऑथराइज्ड आउटलेट एक बढ़ा हुआ बिल दे सकते हैं या डिफेक्टिव पार्ट्स को भी फिट कर सकते हैं. - कॉमर्शियल उद्देश्य के लिए उपयोग: यदि आपने अपनी बाइक/कार किसी अन्य व्यक्ति को व्यावसायिक उपयोग के लिए किराए पर दी है जैसे डिलीवरी या निजी कार सेवा तो ऐसे मामले में नुकसान होने पर ओडी का दावा देय नहीं होगा. -सर्वेक्षक द्वारा संदिग्ध रिपोर्ट: यदि सर्वेक्षणकर्ता को संदेह है कि इंश्योरेंस लेने के लिए वाहन को जानबूझकर क्षतिग्रस्त किया गया है, तो वह बीमकर्ता को एक प्रतिकूल रिपोर्ट दे सकता है जिससे आपका दावा खारिज हो सकता है. किसी तीसरे पक्ष के चश्मदीद गवाहों को भी सबूत पेश करने के लिए बुलाया जा सकता है. चाहे आपका दावा बड़ा हो या छोटा आपको सबसे पहले बीमा कंपनी से संपर्क करना चाहिए. यदि आपके पास वाहन के क्षतिग्रस्त होने की घटना के सभी दस्तावेज और तैयार साक्ष्य हैं, तो दावा खारिज होने की संभावना कम है.