Employee Harassment Case: अमेरिका की टेलीकॉम कंपनी कॉमकास्ट (Comcast) इन दिनों एक नए कानूनी विवाद में घिर गई है. कंपनी के एक रिटेल स्टोर में काम कर चुके पूर्व कर्मचारी ने आरोप लगाया है कि खराब बिक्री रैंकिंग करने वाले कर्मचारियों को मेंटली रूप से शर्मिंदा किया जाता था. उन्होंने बताया कि बिक्री का कम टारगेट हासिल करने वाले कर्मचारियों को कुर्सी से बांधकर उनके चेहरे पर क्रीम पाई (केक) फेंकी जाती थी और इस पूरी घटना का वीडियो भी बनाया जाता था. 

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क्या हैं पूर्व कर्मचारी के आरोप?

पूर्व कर्मचारी डेविड फिगुएरोआ ने जुलाई 2026 में अदालत में मुकदमा दायर किया है. जिसमें उन्होंने दावा किया है कि स्टोर में सबसे कम बिक्री करने वाले कर्मचारी को सजा के तौर पर बुरी तरह शर्मिंदा किया जाता था. उन्होंने बताया कि उन कर्मचारियों को कुर्सी से बांधकर उनके चेहरे पर क्रीम पाई फेंकी जाती थी.सिर्फ इतना ही नहीं, बल्कि इन घटनाओं की वीडियो भी रिकॉर्डिंग की जाती थी. वहीं कुछ मामलों में मैनेजर भी इनमें शामिल था. 

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कैसे चुने जाते थे कर्मचारी?

शिकायत के मुताबिक, स्टोर में कर्मचारियों की बिक्री रैंकिंग को एक व्हाइटबोर्ड पर दर्ज की जाती थी. ऐसे में जिन कर्मचारियों की रैंकिंग सबसे खराब होती है उन्हें खासतौर पर इस निशाने के साथ दर्शाया जाता था. आरोप है कि यह प्रक्रिया खासतौर पर कर्मचारियों पर दबाव बनाने और बिक्री बढ़ाने के मकसद से अपनाई जाती थी. इससे कर्मचारी के अंदर ये दर बैठ जाता था कि कम रैंकिंग होने पर वह अगला निशान बन सकता है.

कर्मचारी ने क्यों छोड़ी नौकरी?

फिगुएरोआ का बताया कि उन्होंने नौकरी फरवरी में शुरू की थी जिसके कुछ ही हफ्तों बाद उन्होंने वहां कि इस माहौल को देखा. यह देखकर उनके अंदर भी डर था कि बिक्री की रैंकिंग कम होने पर वह भी इस दंड का शिकार हो सकते हैं. ऐसे में उन्होंने अपनी शिकायत मैनेजर तक पहुंचाई, लेकिन इसके बाद भी इसके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई. इसके बाद उन्होंने एक महीने से पहले ही नौकरी को इस्तेफा दे दी.

कंपनी ने क्या कहा?

कॉमकास्ट ने आरोपों से इनकार किया है. कंपनी का कहना है कि वह किसी भी तरह के गलत व्यवहार को बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं करता है. कंपनी का कहना है कि वह अदालत में इन आरोपों का जवाब देगी और कानूनी प्रक्रिया के जरिए अपना पक्ष भी रखेगी.

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