बजट 2019: आसान शब्दों में जानें कितनी कमाई पर किसको कितना देना होगा टैक्स?
₹5 लाख रूपए तक कोई टैक्स नहीं पीयूष गोयल ने मध्यम वर्ग और नौकरी पेशा तबके की मांग को स्वीकार करते हुये पांच लाख रुपये तक की व्यक्तिगत आय को टैक्स मुक्त कर दिया. उन्होंने कहा कि वह टैक्स स्लैब में फिलहाल कोई बदलाव नहीं कर रहे हैं लेकिन पांच लाख रुपये तक की आय पर टैक्स से पूरी छूट होगी. उन्होंने कहा ‘‘यदि आपने कर छूट वाली विभिन्न योजनाओं में निवेश किया है तो साढे़ छह लाख रुपये तक की आय पर कोई कर नहीं देना होगा. इसके अलावा यदि आवास रिण लिया गया है तो उसके दो लाख रुपये तक के ब्याज भुगतान पर भी टैक्स छूट उपलब्ध होगी. पेंशन योजना एनपीएस पर पचास हजार रुपये की अतिरिक्त कर छूट है.’’ बजट में मानक कटौती को 40,000 रुपये से बढ़ाकर 50,000 रुपये कर दिया गया है. अभी क्या है मौजूदा स्लैब. यह भी जानें मौजूदा कर स्लैब के मुताबिक, ढाई लाख से पांच लाख रुपये तक वार्षिक आय पर पांच प्रतिशत, पांच से दस लाख रुपये की आय पर 20 प्रतिशत और दस लाख रुपये से अधिक की सालाना आय पर 30 प्रतिशत की दर से टैक्स लागू है. 60 साल और उससे अधिक लेकिन 80 साल से कम के वरिष्ठ नागरिकों के लिये तीन लाख रुपये तक की आय टैक्स मुक्त है जबकि 80 साल और इससे अधिक उम्र के बुजुर्गों की पांच लाख रुपये तक की आय पहले से ही टैक्स मुक्त है. वित्त मंत्री ने कहा कि वह आयकर स्लैब में कोई बदलाव नहीं कर रहे हैं लेकिन "पांच लाख रुपये तक आय को इनकम टैक्स से छूट देने का प्रस्ताव किया जाता है." चुनाव बाद पेश होगा पूर्ण बजट लोकसभा चुनाव से पहले आमतौर पर सरकार अंतरिम बजट पेश करती है, जिसमें नई सरकार बनने तक के लिए चार माह का लेखानुदान पारित कराया जाता है. चुनाव के बाद सत्ता में आने वाली नई सरकार जुलाई में पूर्ण बजट पेश करेगी. गोयल को अरुण जेटली के स्थान पर वित्त मंत्री बनाया गया है. बजट से जुड़ी अन्य खबरें भी पढ़ें-5 लाख से अधिक आय वालों को बजट से मायूसी, टैक्स में नहीं मिली कोई राहतBudget 2019: किसानों को बड़ा तोहफा, हर साल 6 हजार रुपये सीधे खाते में ट्रांसफर करेगी सरकारबजट 2019: बजट पर कुछ ऐसा रहा राजनीति से जुड़े लोगों का रिएक्शनBUDGET 2019: किसानों, टैक्सपेयर्स के लिए तो हुए एलान पर युवाओं के हाथ रहे खालीवीडियो देखें-