केंद्र सरकार ने इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को बढ़ावा देने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है. अब जो अस्पताल, एम्बुलेंस सेवा देने वाली कंपनियां या सरकारी संस्थान इलेक्ट्रिक एम्बुलेंस खरीदेंगे, उन्हें सरकार की तरफ से आर्थिक मदद दी जाएगी. सरकार का मकसद है कि ज्यादा से ज्यादा एम्बुलेंस बिजली से चलें, ताकि प्रदूषण कम हो और लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें.

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इलेक्ट्रिक एम्बुलेंस से खर्च होगा काफी कम 

अभी ज्यादातर एम्बुलेंस डीजल या पेट्रोल से चलती हैं. इनके इस्तेमाल में फ्यूल पर काफी पैसा खर्च होता है. लेकिन इलेक्ट्रिक एम्बुलेंस में यह खर्च काफी कम हो जाता है. यही वजह है कि सरकार चाहती है कि अस्पताल और एम्बुलेंस ऑपरेटर इलेक्ट्रिक गाड़ियों को अपनाएं. इसके लिए सरकार खरीदारी के समय 35 प्रतिशत तक सब्सिडी देगी, जिससे एम्बुलेंस की लागत कम हो जाएगी.

सरकार ने इस योजना के लिए 500 करोड़ रुपये का बजट रखा है. इस पैसे का इस्तेमाल देशभर में हजारों इलेक्ट्रिक एम्बुलेंस को प्रोत्साहन देने के लिए किया जाएगा. सरकार को उम्मीद है कि इस कदम से आने वाले सालों में बड़ी संख्या में इलेक्ट्रिक एम्बुलेंस सड़कों पर दिखाई देंगी.

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सबको मिलेगा इस योजना का फायदा

इस योजना का फायदा सिर्फ प्राइवेट अस्पतालों को ही नहीं मिलेगा. सरकारी अस्पताल, सरकारी विभाग, नगर निकाय और दूसरी सरकारी एजेंसियां भी इसका लाभ उठा सकेंगी. यानी स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े लगभग सभी संस्थान इस योजना का हिस्सा बन सकते हैं.

सरकार ने मरीजों को ले जाने वाली एम्बुलेंस के अलावा बेसिक लाइफ सपोर्ट (BLS) और एडवांस्ड लाइफ सपोर्ट (ALS) जैसी मॉडर्न एम्बुलेंसों को भी योजना में शामिल किया है. इससे गंभीर मरीजों के इलाज और इमरजेंसी सेवाओं को भी बेहतर बनाने में मदद मिलेगी.

सरकार का ये है उद्देश्य

एक्सपर्ट्स का मानना है कि इलेक्ट्रिक एम्बुलेंस आने से अस्पतालों का खर्च कम होगा, क्योंकि बिजली से चलने वाली गाड़ियों की मेंटेनेंस और फ्यूल कॉस्ट एम्बुलेंस की तुलना में कम होती है. इसके अलावा धुआं और प्रदूषण भी कम होगा, जिससे पर्यावरण को फायदा मिलेगा.

ऐसे में कहा जा सकता है कि सरकार चाहती है कि देश में ज्यादा से ज्यादा इलेक्ट्रिक एम्बुलेंस का इस्तेमाल किया जाए. इसलिए अब ऐसी एम्बुलेंस खरीदने वालों को 35 प्रतिशत तक की आर्थिक मदद दी जाएगी. इससे अस्पतालों का खर्च घटेगा, प्रदूषण कम होगा और मरीजों को बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी.

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