New Toll Hike: अगर आप भी डेली एक्सप्रेसवे पर सफर करते हैं तो यह खबर आपके लिए है. क्योंकि, इन दिनों भारत में एक्सप्रेसवे की खबर लगातार आ रही है. यह खबर भी एक्सप्रेसवे पर टोल टैक्स को लेकर है. बता दें कि, अगर आप बेंगलुरु से चेन्नई के बीच सफर करते हैं तो यह खबर सीधा आपकी जेब पर असर डालने वाली है. इस नए और आधुनिक एक्सप्रेसवे पर अब सफर करना पहले से ज्यादा महंगा हो गया है. नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया यानी एनएचएआई ने एक्सप्रेसवे के नए टोल रेट्स की लिस्ट जारी कर दी है जो तुरंत प्रभाव से लागू भी हो चुके हैं. 

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आपको बता दें कि, इस फैसले के बाद अब कार, बस, ट्रक और भारी व्यावसायिक वाहनों से यात्रा करने वाले लोगों को अब सफर थोड़ा महंगा पड़ सकता है. अचानक लागू हुई इस बढ़ोतरी का सबसे बड़ा असर उन लोगों पर पड़ेगा जो काम या बिजनेस के सिलसिले में रोज या हफ्ते में कई बार इस रास्ते का इस्तेमाल करते हैं. चलिए जानतें हैं कि, इस एक्सप्रेसवे पर कितना टोल बढ़ा है.

कितना पड़ेगा जेब पर असर?

बता दें कि, नए टोल रेट के हिसाब से अलग-अलग गाड़ियों के लिए अलग-अलग रेट तय किए गए हैं. अगर आप अपनी पर्सनल कार, जीप या वैन से सफर कर रहे हैं तो आपको एक तरफ के सफर के लिए अब लगभग 320 रुपये तक का टोल देना होगा. वहीं अगर आप 24 घंटे के अंदर वापस लौटते हैं तो रिटर्न जर्नी के लिए आपको करीब 480 रुपये चुकाने होंगे. 

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जबकि इसके अलावा जो लोग इस रूट पर अपनी गाड़ी से बार-बार ट्रैवल करते हैं. उनके लिए 50 सिंगल जर्नी वाला मंथली पास लगभग 10,655 रुपये में बनेगा. कुल मिलाकर अगर देखा जाए तो अब कार से भी इस एक्सप्रेसवे पर चलना पहले के मुकाबले अच्छा-खासा महंगा साबित होने वाला है.

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कमर्शियल और भारी गाड़ियों का बढ़ा टैक्स

जानकारी के लिए बता दें कि, इस नए टोल रेट का सबसे बड़ा झटका कमर्शियल और भारी गाड़ियों को लगा है. हल्के व्यावसायिक वाहनों के लिए एक तरफ का टोल 515 रुपये और रिटर्न जर्नी का 775 रुपये तय किया गया है. जबकि 2-अक्षीय बसों और ट्रकों को अब एक तरफ के सफर के लिए 1,080 रुपये और आने-जाने के लिए 1,620 रुपये देने पड़ेंगे. 

अगर बात 3-अक्षीय कमर्शियल गाड़ियों की करें तो उनका एक तरफ का टोल 1,180 रुपये और रिटर्न का 1,770 रुपये हो गया है. इसके अलावा बहुत भारी गाड़ियों और 7 या उससे ज्यादा धुरों वाले बड़े ट्रकों का एक तरफ का टोल 2,070 रुपये तक पहुंच गया है जिससे लॉजिस्टिक्स का खर्च काफी बढ़ जाएगा.

क्या पड़ेगा इसका असर?

आपको बता दें कि, एनएचएआई का कहना है कि एक्सप्रेसवे की विश्वस्तरीय सुविधाओं, सुरक्षा इंतजामों, हाईवे पेट्रोलिंग और मेंटेनेंस को बनाए रखने के लिए यह टोल टैक्स लागू करना बेहद जरूरी था. हालांकि, ट्रांसपोर्टर्स और ड्राइवरों के बीच इस फैसले को लेकर काफी नाराजगी है. 

ट्रांसपोर्ट एसोसिएशनों का मानना है कि टोल टैक्स बढ़ने से बेंगलुरु और चेन्नई के बीच सामान भेजने का भाड़ा सीधे तौर पर बढ़ जाएगा. जब माल ढुलाई महंगी होगी तो इसका असर बाजार में मिलने वाली आम चीजों की कीमतों पर भी पड़ेगा. यानी यह बढ़ा हुआ टोल सिर्फ गाड़ी चलाने वालों को ही नहीं बल्कि आम जनता की जेब को भी प्रभावित करने वाला है.

इन बातों का रखें ध्यान

अगर आप इस नए एक्सप्रेसवे से गुजरने वाले हैं तो अचानक होने वाली परेशानी से बचने के लिए कुछ बातें जरूर ध्यान में रखें. सबसे पहले तो अपनी गाड़ी का फास्टैग रीचार्ज चेक कर लें और उसमें जरूरत से ज्यादा बैलेंस रखें। क्योंकि टोल प्लाजा पर बैलेंस कम होने पर आपको सीधा दोगुना पेनल्टी टोल देना पड़ सकता है. 

अगर आप एक ही दिन में जाकर वापस आने का प्लान बना रहे हैं तो हमेशा टोल बूथ पर रिटर्न ट्रीप का ऑप्शन ही चुनें इससे आपके पैसे बचेंगे. वहीं, इसके अलावा एनएचएआई की ऑफिशियल वेबसाइट या नेशनल हाईवे हेल्पलाइन से अपने व्हीकल के हिसाब से नए रेट्स की पूरी लिस्ट पहले ही चेक कर लें.

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