Makar Sankranti 2026: मकर संक्रांति एक ऐसा त्योहार जो भारतवर्ष में अलग-अलग नामों से जाना जाता है. यह त्योहार तब मनाया जाता है जब सूर्य धनु राशि से निकलकर शनि की राशि मीन में प्रवेश करते हैं.
इस साल 14 जनवरी 2026 को दोपहर करीब 3 बजकर 15 मिनट भारतीय समयनुसार सूर्य मकर राशि में प्रवेश करेंगे और इस दिन एकादशी तिथि भी पड़ रही है.
मकर संक्रांति का प्रभाव सभी 12 राशियों पर
एकादशी आंतरिक शुद्धि से जुड़ा है और मकर संक्रांति के साथ इसका शुभ संयोग और भी खास बन जाता है. ज्योतिषाचार्य सुरेश श्रीमाली बताते हैं कि, जैसे ही सूर्य का मकर राशि में प्रवेश होगा, जो शनि के अधीन है, अनुशासन, जिम्मेदारी और कर्मिक जवाबदेही के विषय प्रमुख हो जाते हैं.
दोपहर का वक्त इस चीज को दर्शाता है कि, इस बदलाव का प्रभाव धीरे-धीरे होता है, जो तात्कालिक परिणाम देने की जगह आदतों, फैसलों और दीर्घकालिक दिशा को आकार देता है. आइए जानते हैं इसका सभी राशियों पर क्या प्रभाव पड़ेगा.
मेष राशि मकर संक्रांति का प्रभाव
मेष राशि वालों संक्रांति आपको जीवन में ठहराव का संदेश देता है. ऐसा इसलिए ताकि आप जल्बादी के चक्कर में नुकसान न कर बैठें.
नेतृत्व कर्ता के रूप में अपनी भूमिका बनाने की कोशिश करें. इसके लिए रोजमर्रा की छोटी-छोटी जिम्मेदारियों से बचने की सलाह है.
इस बात को याद रखें कि, किसी भी काम में जल्दबाजी के परिणाम से बचें, निरंतर मेहनत करते रहे सफलता जरूर मिलेगी.
वृषभ राशि के लिए मकर संक्रांति का प्रभाव
यह समय आपके लिए स्थिरता से भरा साबित हो सकता है. अल्पकालिक के बजाए दीर्घकालिक चीजों के बारे में सोचेंगे तो सब कुछ सरल होता चला जाएगा.
जीवन में धैर्य रखना धन, ज्ञान और भविष्य की योजनाओं के लिए जरूरी है. जब जीवन सरल होता है, तो आप भावनात्मक रूप से ज्यादा स्थिर अनुभव करते हैं.
यह समय मार्गदर्शन बदलने का नहीं बल्कि उन चीजों पर ध्यान देने का है, जो पहले से बेहतर चल रही है.
मिथुन राशि पर संक्रांति का प्रभाव
यह संक्रांति आपको रुककर सोचने का मौका देती है. इस दौरान पुरानी बातचीत, आधे-अधूरे फैसले मन पर हावी हो सकते हैं. रिश्तों के प्रति जिम्मेदारियां बढ़ेगी. इस दौरान मन को शांत रखें.
कर्क राशि पर संक्रांति का प्रभाव
इस संक्रांति सामान्य से अधिक संवेदनशील महसूस करेंगे, लेकिन इसके पीछे एक वजह है. इससे आपको ये समझने में सहायता मिलेगी कि, सीमा कहां तक है. रिश्तों में ईमानदारी की आवश्यकता है. अपनी भावनाओं को नियंत्रण में रखें.
सिंह राशि पर संक्रांति का प्रभाव
सिंह राशि के जातकों के लिए यही सलाह है कि, लोगों की प्रशंसा पर ध्यान देने की बजाए अपनी जिम्मेदारियों को समझें. आपको ऐसा लग सकता है कि, आपकी मेहनत को तुरंत पहचान न मिलें, लेकिन यह ज्यादा समय तक नहीं टिकेगा. अपनी दिनचर्या, आदतों और सेहत का विशष ध्यान दें.
कन्या राशि पर संक्रांति का प्रभाव
जीवन में शांत और स्थिर रहकर सब कुछ हासिल कर सकते हैं. इस दौरान स्वाभाविक रूप से चीजों को व्यवस्थित और बेहतर करने का मन बना सकते हैं. छोटे लेकिन नियमित बदलावों से व्यक्तित्व में बेहतर सुधार देखने को मिल सकता है.
हर चीज के बारे में सोचना बंद कर दें, ऐसा करने से हल्का महसूस करेंगे. हर चीज को ठीक करने के बजाए उसे स्वीकार करना सीखें.
तुला राशि पर संक्रांति का प्रभाव
रिश्तों को अस्पष्ट न होने दें, पार्टनर के साथ संतुलन बनाकर चलना सीखें. वित्तीय और भावनात्मक दोनों तरह के फैसले सोच-समझकर लें. भले ही शुरुआत में चीजें अजीब लग सकती हैस लेकिन अपनी अपेक्षाओं को स्पष्ट करना सीखें.
वृश्चिक राशि पर संक्रांति का प्रभाव
इस मकर संक्रांति काफी कुछ महसूस कर सकते हैं. अतीत की यादों से लेकर ऐसे पल जिन्हें याद करके मन दुखी हो सकता है. इन विचारों से पार पाने के लिए इन्हें स्वीकारें और जाने दें.
आपके लिए अकेले रहना, खुद की चीजों पर विचार करना और ईमानदारी अपनाना फायदेमंद साबित हो सकता है. इस समय शांति और संयम को प्राथमिकता दें.
धनु राशि पर संक्रांति का प्रभाव
ब्रह्मांड आपके विचारों और कार्य करने के तरीकों पर नजर रख रहा है. हो सकता है कि आप उन लक्ष्यों के प्रति संदेह करने लगे जिनके बारे में आप पहले पूरी तरह आश्वस्त थे. आपके लिए ये समय असफलता का नहीं, बल्कि सुधार का समय है. किसी भी बातें को सोच-समझकर बोलें.
मकर राशि पर संक्रांति का प्रभाव
मकर राशि के जातकों के लिए यह समय एक बड़ा कदम साबित हो सकता है. अपनी जिम्मेदारी की भावनाओं को समझने की कोशिश करें. इस दौरान अपेक्षाओं का दबाव महसूस कर सकते हैं, लेकिन यही दबाव आपको उनसे निपटने की शक्ति भी प्रदान करेगा.
सलाह यही है कि, एक समय पर एक चीज पर काम करें. ऐसा करने से निजी जीवन अधिक स्थिर रहेगा.
कुंभ राशि पर मकर संक्रांति का प्रभाव
इस समय भविष्य की योजना पूर्ण होते नजर आ रही है. जो चीजें पहले रोमांचक लगती थी, अब उनके लिए एक सटीक योजना बनाने की जरूरत है. ऐसा करने से शायद बेचैनी महसूस हो सकती है, लेकिन किसी भी कार्य में स्पष्टा एक बार में नहीं आ सकती है. अपनी मनोस्थिति को बेहतर करने पर ध्यान दें.
मीन राशि पर मकर संक्रांति का प्रभाव
यह समय आपको अपने बारे में सोचना चाहिए. भले ये कार्य बोरिंग लग सकता है, लेकिन ऐसा करने से कई सवालों के जबाव मिल सकते हैं. आपको सच्चाई का सामना विनम्रतापूर्वक और ईमानदारी के साथ करना चाहिए.
सलाह यही है कि, पर्याप्त नींद लेने के साथ नियमित दिनचर्या का पालन करें. आध्यात्मिक मार्ग की ओर बढ़ने से मन प्रसन्न रहेगा.
Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.