Maharashtra CM Oath Ceremony: आज गुरुवार 05 दिसंबर 2024 को शाम 5:30 बजे देवेंद्र फडणवीस (Devendra fadnavis ) महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने वाले हैं. उनकी शपथ कुंडली के आधार पर देखते हैं कि उनके आने वाला कार्यकाल किस प्रकार का रहेगा और क्या वे जनता के लिए सुचारु रूप से कार्य कर पाएंगे, क्या जनता के दिलों में से अपनी जगह बना पाएंगे और महाराष्ट्र के विकास के लिए किस प्रकार के कार्य में कर सकते हैं.
देवेंद्र फडणवीस की कुंडली (Devendra fadnavis Kundli)
- शपथ कुंडली वृषभ लग्न की बन रही है जिसमें लग्न में बृहस्पति वक्री है लेकिन दिगबली भी है. तृतीय भाव में मंगल नीच राशि में है लेकिन चंद्रमा तथा शुक्र की दृष्टि मंगल पर होने से मंगल का नीच भंग हो गया है जो नकारात्मक प्रभावों को कम कर रहा है. नवम भाव में बैठे हुए चंद्रमा तथा शुक्र राजयोग बना रहे हैं तथा मंगल के साथ का दृष्टि संबंध भी उच्च स्तर का राजयोग बना रहा है.
- पंचम भाव में केतु सप्तम भाव में सूर्य बुध जिनका दृष्टि संबंध बृहस्पति से है बुध वक्री है लेकिन यह द्वितीय भाव तथा पंचम भाव का स्वामी है और केंद्र में है तो यह राजयोग की स्थिति है. दशम भाव में शनि शशक महापुरुष राजयोग बना रहा है तथा एकादश भाव में राहु (Rahu) है.
- लग्न में दिगबली बृहस्पति का होना अपने आप में ही कुंडली को मजबूती प्रदान कर रहा है तथा यह स्थिर लग्न है जो कि लंबे समय तक कार्यकाल में स्थिरता बनाने का प्रतीक है. बृहस्पति अष्टम तथा एकादश भाव का स्वामी है एकादश भाव का स्वामी जब लग्न में हो तो यह बड़े स्तर का धन लाभ देता है तथा चतुर्थ भाव और द्वितीय भाव तथा पंचम भाव के स्वामी सूर्य बुध से बृहस्पति का दृष्टि संबंध इस कुंडली को धन प्राप्ति के मामले में मजबूती प्रदान कर रहा है.
- चतुर्थ भाव का स्वामी जोकि जनता का नियंत्रक है वह लग्न को देख रहा है जिस कारण जनता के द्वारा भरपूर सहयोग मिलने के योग हैं. खेती-बाड़ी तथा कृषि के अन्य विकास और परिवहन संबंधित कार्य चतुर्थ भाव से देखे जाते हैं और इस योग में इन सभी का बड़े स्तर पर विकास होना दिखता है.
- इसके साथ-साथ बुध शिक्षा भाव का स्वामी भी है और केंद्र में है जो बताता है कि शिक्षा के क्षेत्र में कार्य बहुत अच्छे होंगे तथा बृहस्पति के साथ बुद्ध का दृष्टि संबंध धार्मिक शिक्षा में बढ़ोतरी दिखाता है.
- मंगल सप्तम तथा द्वादश भाव का स्वामी है जिसका दृष्टि संबंध लग्न तथा छठे भाव के स्वामी शुक्र और तृतीय भाव के स्वामी चंद्रमा के साथ है. यह महाराष्ट्र के कला क्षेत्र में किसी न किसी प्रकार के बढ़ोतरी और सरकार का योगदान दिखा रहा है तथा धार्मिक कार्यों में भी सरकार के द्वारा योगदान दर्शा रहा है. चंद्रमा और शुक्र पर बृहस्पति की नवी दृष्टि एक शुभ योग बन रही है जिसके फल स्वरुप धार्मिक संस्थाओं से भी धन सरकार को प्राप्त होने वाली योजनाएं बनाई जाएगी और इसे हम जनमानस को भी लाभ मिलेगा.
- शत्रु पक्ष पर यह सरकार हावी रहेगी तथा विपरीत पार्टी को समय-समय पर आलोचना का उचित उत्तर देती रहेगी. देवेंद्र फडणवीस के नीचे जितने भी मंत्री कार्य करेंगे अभी उनका भरपूर सहयोग देंगे तथा सरकार को एक मजबूत आधार प्रदान करेंगे.
- दशम भाव में शनि शशक महापुरुष राजयोग तथा धर्मर्माधिपति राजयोग बना रहा है. यह योग इस सरकार के लिए बहुत अधिक फायदेमंद रहने वाला है इस सरकार के नए शुरू से अंत तक मजबूत रहेगी तथा जितना अधिक विरोध हो जाए, लेकिन यह सरकार अपने कार्यकाल में टस से मस नहीं होगी. शनि की दसवीं दृष्टि सूर्य तथा बुध पर है जो कि जनता पर सरकार का पूरा प्रभाव दिखा रही है. इसके फल स्वरुप ऐसी योजनाएं बनेगी जो जनता के हित में होगी तथा जनता उससे अधिक बड़े स्तर पर लाभान्वित भी होगी.
निष्कर्ष (conclusion)- निष्कर्ष यह निकलता है कि यह सरकार अपने कार्यकाल में बहुत कारगर सिद्ध होने वाली है तथा जनता के दिलों पर राज करने के साथ-साथ विपक्ष में भी अपना दबदबा बनाए रखेगी.
