आज का राशिफल में गुरूजी पवन सिन्हा बता रहे हैं अगर 07 नवंबर (बुधवार) को आपका जन्मदिन है तो आगे आने वाले 12 महीने बहुत अच्छे हैं, आगे बढ़ने का मौका मिलेगा . रुके काम आगे बढ़ेंगे. आज है जन्मदिन तो कैसा रहेगा साल
  • आगे आने वाले 12 महीने अच्छे हैं
  • आगे बढ़ने का मौका मिलेगा
  • रुके काम आगे बढ़ेंगे
  • विदेश जा सकते हैं
  • पढ़ाई में सफलता मिलेगी
  • सेहत का ख्याल रखें
  • रिश्ते सोच समझकर जोड़ें
  • रोजाना आटा और शक्कर जमा करके गोशाला में दान करें
साथ ही जानिए दिवाली पूजा का आसान और सही तरीका जिससे जल्द प्रसन्न होंगी मां लक्ष्मी 

आज प्रदोष काल में मां लक्ष्मी की पूजा करनी चाहिए, मां लक्ष्मी की पूजा पूरब की तरफ मुंह करके करें 

पूजा में सारे घरवाले साथ बैठें, दक्षिण की तरफ मुंह करके मां लक्ष्मी की पूजा नहीं करनी चाहिए 

घर के मेनगेट पर रंगोली बनाएं, घर के दरवाजे और आंगन में धार्मिक चिह्न बनाएं 

घर को सजाएं, पूजा के लिए थाली सजाएं 

पूजा की थाली में कौड़ी जरूर रखें, कौड़ी मां लक्ष्मी का प्रतीक है 

कौड़ी का लॉकेट पहनने से धन का संकट दूर होता है, दीवाली पूजा की कौड़ी को तिजोरी में रखने से मां लक्ष्मी की कृपा होती है 

कटोरियों में दिवाली पूजा के लिए सात अनाज निकालें, अनाज में ज्वार जरूर रखें, पंचमेवा लें, रोली लें, साबुत चावल लें, चंदन लें

इनके साथ ही 5 दीपक आटे के लें, पूजा के लिए घी या तेल लें, पूजा के लिए मौली लें, पूजा के लिए फल लें, खील और बताशे लें 

पूजा में चीनी से बने खिलौने, दूर्वा लें, चांदी या सोने का सामान पूजा में रख सकते हैं, दीप जलाएं, मां की आरती उतारे 

सबसे पहले गणेश जी को भोग लगाएं, गणेशजी के बाद मां लक्ष्मी को भोग लगाएं, लक्ष्मीजी के बाद कुल देवता को भोग लगाएं 

कुल देवता के बाद ईष्ट को भोग लगाएं, पांचवा भोग पित्तरों को लगाएं, छठा भोग गुरू को लगाएं, सातवां भोग मां-बाप के लिए निकालें 

जरूरतमंद लोगों के लिए भोजन और धन निकालें,भोजन और धन का एक हिस्सा 8 साल से छोटी कन्या के लिए निकालें 

गाय के लिए ग्रास निकालें, 11 आहुतियों का हवन करें, हवन में ऊं ऐं ह्रीं क्लीं नमस चंडिकाय स्वाहा से आहुति दें 

घर के सारे लोगो दरवाजे पर सात अनाज का ढेर लगाएं, अनाज के हर ढेर पर एक दीपक जलाएं 

ऊं महालक्ष्मयै नम: ऊं विष्णु पर्याय नम: ऊं श्रीं नम: का जप करें 

चांदी की कटोरी में दूध लेकर चंद्रमा की तरफ मुंह करके गमले में डाल दें, मिट्टी की बर्तन में सिंदूर और शहद लेकर पूजा में रखें