शनि का स्वभाव क्रूर है. ज्योतिष ग्रंथों में
शनि कर्मफलदाता माने गए हैं.


शनि मकर और कुंभ राशि के स्वामी है.
शनि ग्रहों में सबसे धीरे चलने वाला ग्रह है.


इसलिए इसका शुभ या अशुभ प्रभाव किसी भी राशि पर
लंबे समय तक रहता है.


शनि मकर, कुंभ के अलावा तुला राशि के लोगों
पर भी मेहरबान रहते हैं.


शनि तुला राशि में उच्च का होता है. शनि अगर तुला राशि में
भी बैठा हो तब भी वो शुभ फल देता है


शनि देव तुला राशि के जातकों के जीवन में हमेशा
सुख और समृद्धि प्रदान करते हैं.


यह जो भी काम करते हैं उनमें इन्हें पूरी सफलता मिलती है.



मान्यता है कि तुला राशि पर साढ़ेसाती या ढैय्या के दौरान
भी शनि इस राशि के लोगों को ज्यादा परेशान नहीं करते.