रेप की इन 5 वारदातों से थर्राया उत्तर प्रदेश, खत्म हो रहा है पुलिस का इकबाल?
ताजा मामला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी का है. वाराणसी के कैंट थाना क्षेत्र के मजमिठिया लालपुर गांव निवासी नाबालिग किशोरी के साथ चार युवकों ने पिस्टल के बल पर पर गैंगरेप की घटना को अंजाम दिया और फरार हो गए. पीड़िता ने बताया कि आरोपियों ने पहले उसका अपहरण किया फिर सुनसान स्थान पर ले जाकर रेप किया और फिर जान से मारने की धमकी देकर फरार हो गए.
हाथरस जिले के क़स्बा सादाबाद में आठ साल की एक दलित बच्ची की बड़ी ही बेरहमी से उसके शरीर के टुकड़े -टुकड़े करके हत्या की गयी है. उसकी बोरी में बंद लाश पड़ोस के ही एक मकान की छत से बरामद हुई है. बच्ची गुरुवार की दोपहर से लापता हुई थी और ढूढ़ने पर नहीं मिली थी. आशंका यही लगाई जा रही है कि बच्ची की रेप के बाद हत्या की गयी है.
मुरादाबाद में भी तमंचे के बल पर एक महिला के साथ रेप किया गया और फिर वीडियो बनाकर ब्लैकमेल किया गया. महिला ने विरोध किया तो वीडियो वायरल कर दिया गया. घटना मुरादाबाद के पाकबड़ा थाना इलाके की हैय अब पुलिस ने मामला दर्ज कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है.
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मेरठ से मानवता को शर्मसार करने वाली खबर सामने आई है. खरखौदा इलाके में एक लड़की के साथ सामूहिक बलात्कार हुआ और फिर भरी पंचायत में इज्जत की कीमत लगाई गई. अब पुलिस मामले दर्ज कर जांच कर रही है.
बाराबंकी से भी एक बेहद दहला देने वाला मामला सामने आया है जहां तीन बेटियों ने अपने पिता पर ही रेप के आरोप लगाए हैं. तीनों ने ट्रेन के सामने कूद कर आत्महत्या करने का प्रयास किया. हालांकि पुलिस अभी रेप की बात से इंकार कर रही है. वहीं लड़कियों का कहना है कि उन्होंने पिता की हरकतों से परेशान आकर आत्महत्या की कोशिश की थी.
यूपी सरकार लगातार यूपी पुलिस की पीठ थपथपा रही है, प्रदेश भर में ताबड़तोड़ एनकाउंटर हो रहे हैं. इसके बावजूद लगता है जैसे अपराधियों को ना तो पुलिस का डर है और ना ही कानून का. एक के बाद एक रेप की वारदातें सामने आ रही हैं जो प्रदेश की कानून व्यवस्था पर सवालिया निशान लगा रही हैं.