SIP Investment: आर्थिक रूप से सुरक्षित भविष्य हर किसी की चाहत होती है, खासकर रिटायरमेंट के समय. इसके लिए जरूरी नहीं कि आपके पास शुरुआत में बड़ी पूंजी हो, बल्कि नियमित और समझदारी से किया गया निवेश आपके इस सपने को हकीकत में बदल सकता है. म्यूचुअल फंड और SIP जैसे विकल्पों ने इस प्रक्रिया को आम लोगों के लिए पहले से कहीं ज्यादा आसान बना दिया है.

Continues below advertisement

‘10x12x30’ का फॉर्मूला आपकी इसमें सहायता कर सकता है. यह फॉर्मूला निवेश को आगे बढ़ाने में बहुत कारगर है. इसका उपयोग करके आप लंबे समय में एक बड़ा कॉर्पस बना सकते हैं. आइए जानते हैं, आखिर यह फॉर्मूला काम कैसे करता है?

क्या है 10x12x30 फॉर्मूला?

Continues below advertisement

इस फॉर्मूले को तीन मुख्य बातों में समझा जा सकता है. हर महीने बचत करना, संभावित रिटर्न और निवेश की टाइमिंग. इसमें आपको अपनी आय से हर महीने लगभग 10,000 रुपये एसआईपी में निवेश करना होता है.  

इसमें औसतन करीब 12 फीसदी सालाना रिटर्न की उम्मीद की जाती है. सबसे जरूरी बात यह है कि इस निवेश को लंबे समय यानी करीब 30 साल तक जारी रखना होता है. अगर आप ये तीनों काम कर लेते हैं तो, आपको एक बड़ा फंड बनाने में दिक्कत नहीं होगी. 

कैलकुलेशन का गणित

इस फॉर्मूले को अपनाने से हर महीने 10,000 की SIP और करीब 12 प्रतिशत के सालाना रिटर्न के अनुमान के साथ 30 साल में कुल निवेश राशि 36 लाख रुपये होती है. समय के साथ कंपाउंडिंग का असर जुड़ने पर यह रकम कई गुना बढ़ सकती है. ऐसे में अनुमानित रिटर्न करीब 2.72 करोड़ रुपये तक पहुंच जाता है. अगर मार्केट में ज्यादा उतार-चढ़ाव नहीं हो तो कुल फंड लगभग 3.08 करोड़ रुपये के आसपास बन सकता है. जो नियमित और लंबे समय के निवेश की ताकत को दिखाता है.

कंपाउंडिंग से कैसे बढ़ता है निवेश?

निवेश को तेजी से बढ़ाने में कंपाउंडिंग की अहम भूमिका होती है. जिसमें समय के साथ आपका पैसा खुद ही रफ्तार पकड़ने लगता है. इसका मतलब यह है कि जो कमाई आपको निवेश से मिलती है, वह आपके मूल पैसे में जुड़ जाती है.

फिर आगे चलकर उसी बढ़ी हुई रकम पर दोबारा रिटर्न मिलता है. जिससे धीरे-धीरे एक बड़ा फंड तैयार होता है.

यह भी पढ़ें:

होर्मुज पर बवाल! सामान लाने वाले जहाजों का बीमा 10 गुना महंगा, आपकी ही जेब से वसूले जाएंगे पैसे