आपके पास एक करोड़ रुपये हैं तो उसे कैसे करेंगे डिवाइड, कितना पैसा करेंगे खर्च और कितना इनवेस्ट?
Investment Tips: एक करोड़ रुपये को समझदारी से बांटना जरूरी है. पहले इमरजेंसी और जरूरतों के लिए हिस्सा अलग करें. फिर बाकी रकम को अलग-अलग जगहों पर लगाएं. जान लें पूरी प्लानिंग.

Investment Tips: कई लोगों के पास पैसे तो होते हैं. लेकिन उन पैसों को कैसे इस्तेमाल करना है यह नहीं पता होता. अगर आपके पास एक करोड़ रुपये हैं. तो आप उन रुपयों को कैसे डिवाइड करेंगे. अगर आप उसे सही से मैनेज नहीं करते हैं. अगर प्लानिंग नहीं हुई तो इतना बड़ा अमाउंट भी कुछ साल में खत्म हो सकता है. और अगर समझदारी से डिवाइड किया जाए तो यही रकम आपको लंबे समय तक फाइनेंशियल सिक्योरिटी दे सकती है.
इसके लिए पहले तय करें कि आपकी लाइफस्टाइल क्या है. जिम्मेदारियां कितनी हैं और रिस्क लेने की क्षमता कितनी है. एक करोड़ को एक ही जगह लगाने के बजाय उसे अलग-अलग हिस्सों में बांटना ज्यादा समझदारी होती है. कैसे कहां और कितना खर्च करना चाहिए. चलिए इस बारे में आपको बताते हैं पूरी जानकारी.
कितना पैसा रखें खर्च और सेफ्टी के लिए?
सबसे पहले 6 से 12 महीने के खर्च के बराबर रकम अलग रखनी चाहिए. मान लीजिए आपका सालाना खर्च 10 से 12 लाख है. तो कम से कम 10 से 15 लाख रुपये लिक्विड फॉर्म में रखें. यह इमरजेंसी फंड होगा. जिसे सेविंग अकाउंट या लिक्विड फंड में रखा जा सकता है. इसके अलावा अगर घर, गाड़ी या कोई बड़ा पर्सनल गोल है तो उसके लिए अलग बजट तय करें.
आप चाहें तो 15 से 20 लाख रुपये लाइफस्टाइल अपग्रेड, ट्रैवल या किसी जरूरी खरीद पर खर्च कर सकते हैं. लेकिन पूरा पैसा खर्च करने की गलती न करें. मकसद यह होना चाहिए कि खर्च के बाद भी आपके पास मजबूत निवेश बेस बचा रहे.
कितना और कहां करें इनवेस्ट?
अब बची हुई लगभग 65 से 70 लाख रुपये की रकम को ग्रोथ के लिए काम पर लगाएं. यहां डाइवर्सिफिकेशन जरूरी है. करीब 30 से 35 लाख रुपये इक्विटी म्यूचुअल फंड या इंडेक्स फंड में लंबी अवधि के लिए लगा सकते हैं. जिससे महंगाई को मात दी जा सके. 15 से 20 लाख रुपये डेट फंड, बॉन्ड या फिक्स्ड इनकम इंस्ट्रूमेंट में रखें. जिससे स्थिर रिटर्न मिले. 5 से 10 लाख रुपये गोल्ड या गोल्ड ETF में डाल सकते हैं.
जो पोर्टफोलियो को बैलेंस देता है. अगर रियल एस्टेट में इंटरेस्ट है तो डाउन पेमेंट के तौर पर एक हिस्सा इस्तेमाल किया जा सकता है. मतलब यह है कि पैसा सिर्फ पड़ा न रहे. बल्कि आपके लिए काम करे. खर्च लिमिटेड रखें इमरजेंसी फंड मजबूत रखें और बाकी रकम को सोच-समझकर अलग-अलग एसेट में बांट दें. ऐसे आप एक करोड़ रुपये अच्छा फंड भी बना पाएंगे और आपके खर्चे भी संभाल पाएंगे.
यह भी पढ़ें: 1 मार्च से बदल रहे हैं रेलवे के ये नियम, ट्रेन से सफर करने वालों के लिए बेहद जरूरी खबर
Source: IOCL
























