EV Charging Station: आजकल इलेक्ट्रिक गाड़ियों का ट्रेंड तेजी से बढ़ रहा है और इसके साथ EV चार्जिंग स्टेशन का बिजनेस भी काफी पाॅपुलर हो रहा है. अगर आपके पास खाली जमीन है और आप कोई स्टेबल इनकम वाला काम ढूंढ रहे हैं. तो ये ऑप्शन काफी काम का हो सकता है. खास बात यह है कि एक बार सेटअप हो जाने के बाद इसमें रोजाना कमाई का अच्छा मौका मिलता है. लेकिन शुरू करने से पहले आपको इसकी लागत, जरूरी नियम और अप्लाई करने की प्रोसेस समझना जरूरी है. जिससे बाद में कोई परेशानी ना आए.

Continues below advertisement

चार्जिंग स्टेशन खोलने के लिए क्या चाहिए?

सबसे पहले आपके पास 50 से 100 वर्ग गज तक का खाली प्लॉट होना चाहिए. यह जमीन आपके नाम पर हो या फिर कम से कम 10 साल की लीज पर होनी चाहिए. इसके साथ ही वहां 24 घंटे बिजली की सप्लाई जरूरी है. क्योंकि बिना पावर के यह पूरा सेटअप बेकार है. आपको वन विभाग, फायर डिपार्टमेंट और नगर निगम से एनओसी भी लेनी होती है. स्टेशन पर गाड़ियों के आने-जाने और पार्किंग की सही व्यवस्था होनी चाहिए. इसके साथ ही पीने का पानी, शौचालय, रेस्ट एरिया और फायर सेफ्टी जैसी बेसिक सुविधाएं भी जरूरी होती हैं. जिससे लोगों को कोई दिक्कत ना हो.

यह भी पढ़ें: इंडक्शन चूल्हा यूज कर रहे हैं? इन जरूरी बातों को नजरअंदाज किया तो बढ़ सकती हैं दिक्कतें

Continues below advertisement

कहां करें अप्लाई?

EV चार्जिंग स्टेशन के लिए अप्लाई करने के दो आसान तरीके हैं. पहला आप सरकारी स्तर पर राष्ट्रीय राजमार्ग और परिवहन विभाग के जरिए आवेदन कर सकते हैं. इसमें आपको अपनी जमीन और बाकी डॉक्यूमेंट्स के साथ एप्लिकेशन देनी होती है. दूसरा तरीका प्राइवेट कंपनियों के जरिए फ्रैंचाइज लेने का है. कई बड़ी कंपनियां इस सेक्टर में फ्रैंचाइज दे रही हैं. जिसमें सेटअप और टेक्निकल सपोर्ट भी मिल जाता है. यह तरीका उन लोगों के लिए आसान होता है जो बिना ज्यादा झंझट के बिजनेस शुरू करना चाहते हैं और गाइडेंस भी चाहते हैं.

यह भी पढ़ें: ऑफ सीजन में गोवा घूमने जा रहे हैं तो भूलकर भी न करना ये गलतियां, वरना जाना पड़ेगा जेल

कितना हो सकता है मुनाफा?

अगर खर्च की बात करें तो एक EV चार्जिंग स्टेशन लगाने में करीब 15 से 20 लाख रुपये तक का खर्च आता है. ये खर्च स्टेशन की कैपेसिटी पर निर्भर करता है. कमाई का तरीका सीधा है. जितनी ज्यादा चार्जिंग होगी, उतनी ज्यादा इनकम होगी. उदाहरण के तौर पर, एक मिड कैपेसिटी स्टेशन से रोजाना अच्छी कमाई हो सकती है, जो महीने में लाखों तक पहुंच जाती है. खर्च निकालने के बाद भी बढ़िया प्रॉफिट बचता है. हालांकि इसमें स्टाफ सैलरी, मेंटेनेंस और बिजली जैसे खर्च भी जुड़े होते हैं, जिनका ध्यान रखना जरूरी है.

यह भी पढ़ें: 1 अप्रैल से इतना महंगा हो जाएगा एनुअल फास्टैग, जानें सुविधाओं में कितना होने वाला है बदलाव?