Delhi Metro DMRC News: दिल्ली मेट्रो के फेज-4 के तहत शुरू हुए दीपाली चौक से मजलिस पार्क कॉरिडोर पर हाल ही में 500 मीटर कॉपर वायर चोरी होने की घटना सामने आई है. इस वजह से ट्रेनों का संचालन प्रभावित रहा. लगातार बढ़ती ऐसी घटनाओं को देखते हुए मेट्रो प्रशासन अब तकनीकी बदलाव की दिशा में कदम बढ़ा रहा है. जिसके बाद राजधानी में मेट्रो यात्रियों को सफर के दौरान होने वाली देरी की परेशानी से राहत मिल जाएगी.

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नई लाइन पर पहली ही बड़ी वारदात से मेट्रो संचालन प्रभावित

मेट्रो फेज-4 के तहत शुरू हुए इस नए कॉरिडोर पर चोरी की यह घटना पहली नहीं बल्कि लगातार बढ़ रही वारदातों की कड़ी का हिस्सा है. कॉपर वायर चोरी के चलते ट्रेनों का संचालन बाधित रहा और समय पर सेवाएं देना चुनौती बन गया. इससे पहले भी एयरपोर्ट एक्सप्रेस और रेड लाइन पर इसी तरह की घटनाएं सामने आ चुकी हैं.

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अब कॉपर की जगह एल्युमीनियम वायर लगाने का फैसला

बार-बार हो रही चोरी को देखते हुए दिल्ली मेट्रो ने बड़ा कदम उठाया है. पूरे नेटवर्क में 175 किलोमीटर लंबाई तक फैले कॉपर वायर को एल्युमीनियम वायर से बदला जाएगा. इस योजना पर करीब 33.59 करोड़ रुपये खर्च होंगे और इसे पूरा करने में लगभग डेढ़ साल का समय लगेगा. टेंडर प्रक्रिया पहले ही पूरी की जा चुकी है.

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चोरी रोकने के लिए बदली जा रही रणनीति

कॉपर वायर की ऊंची कीमत ही चोरी की मुख्य वजह मानी जा रही है. बाजार में इसकी अच्छी मांग होने के कारण चोर लगातार इसे निशाना बना रहे हैं. इसके मुकाबले एल्युमीनियम वायर की कीमत कम होती है, जिससे मेट्रो प्रशासन को उम्मीद है कि चोरी की घटनाओं में कमी आएगी.

इन संवेदनशील इलाकों में होगा वायर बदलने का काम

मेट्रो ने उन इलाकों की पहचान कर ली है जहां चोरी का खतरा ज्यादा है. इनमें रेड लाइन के वेलकम और सीलमपुर स्टेशन के आसपास, एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन पर धौला कुआं क्षेत्र, यमुना किनारे के हिस्से और मैजेंटा लाइन पर मजलिस पार्क से दीपाली चौक के बीच का इलाका शामिल है. इन जगहों पर प्राथमिकता के आधार पर वायर बदले जाएंगे.

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दो साल में 89 चोरी के मामले, करोड़ों का नुकसान

आंकड़े बताते हैं कि 2024 से मार्च 2026 तक मेट्रो नेटवर्क में केबल चोरी के कुल 89 मामले दर्ज किए गए हैं. इनमें 32 मामले सिग्नलिंग वायर और 22 मामले बिजली के तारों से जुड़े हैं. इन घटनाओं से मेट्रो को लाखों रुपये का नुकसान उठाना पड़ा है और सुरक्षा व्यवस्था पर लगातार दबाव बढ़ रहा है.

इस साल भी बड़ी वारदातों ने बढ़ाई चिंता

साल 2026 में भी चोरी की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं. जनवरी में एयरपोर्ट एक्सप्रेस लाइन पर 800 मीटर लंबा केबल चोरी हुआ था. इसके बाद मार्च में दीपाली चौक से मजलिस पार्क के बीच 500 मीटर वायर चोरी की घटना ने मेट्रो प्रशासन को बड़ा फैसला लेने पर मजबूर कर दिया.