Kuhoo Garg Interview: Injury ने खत्म किया था Career, अब UPSC Crack कर लहराया परचम | Aspirants

Kuhoo Garg on Socialise: एक खिलाड़ी कई साल मेहनत करते हुए अंतर्राष्ट्रीय स्तर तक का सफर तय करता है. मगर जब उन्हें मजबूरन अपने पसंदीदा खेल से दूर जाना पड़े तो बहुत से लोग हौंसला हार जाते हैं. ऐसी ही स्थिति में आने के बाद बैडमिंटन खिलाड़ी कुहू गर्ग ने हिम्मत नहीं हारी. कुहू को UPSC की परीक्षा में 178वीं रैंक मिली है, लेकिन उनके लिए यह सफलता की राह आसान नहीं रही है. उनके पिता, अशोक कुमार ने बताया कि COVID-19 महामारी के बाद कुहू को उबर कप के ट्रायल के दौरान घुटने में चोट आई थी, जिसके लिए उन्हें सर्जरी करवानी पड़ी थी. चूंकि वो एक साल तक बैडमिंटन कोर्ट पर नहीं उतर सकती थीं, इस कारण उन्होंने सिविल सर्विसेज की तैयारी करने का निर्णय लिया. ऐसे में देखिए प्लेयर से लेकर यूपीएससी तक का कैसा रहा सफर. यूपीएससी तैयारी कर रहे एस्पिरेंट्स के लिए कुहू ने क्या कहा. अपनी सफलता का श्रेय किसे दे रही हैं कुहू. यूपीएससी की तैयारी कर रहे एस्पिरेंट्स के लिए कितने घंटे पढ़ना है सही. सब्जेक्ट्स का चयन कैसे करें. एस्पिरेंट्स के लिए क्या वाकई जरूरी है कोचिंग. ऐसे ही कई और मजेदार और दिलचस्प सवालों का जवाब जानने के लिए देखिए निहारिका शर्मा के साथ कुहू गर्ग की ये खास बातचीत.