Kaun Banega Mukhyamantri: दूसरे दौर का दंगल...किसका मंगल?
एबीपी न्यूज़ | 08 Nov 2025 11:02 PM (IST)
राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के पहले सत्याग्रह की भूमि चंपारण में हैं। आज हम पूर्वी चंपारण में हैं जिसका मुख्यालय मोतिहारी में है। इतिहास बताता है कि ये राजा जनक के साम्राज्य का हिस्सा था, भगवान बुद्ध ने यहां भी उपदेश दिया था, इसी जिले के केसरिया में बौद्ध स्तूप भी है। मान्यता के मुताबिक ध्रुव ने इसी धरती पर कठोर तपस्या की थी। पूर्वी चंपारण में ही अरेराज में मशहूर सोमेश्वर नाथ महादेव का मंदिर भी है। अंग्रेजी के बड़े साहित्यकार रहे जॉर्ज ऑरवेल की ये जन्मभूमि है। राजनीति के हिसाब से पूर्वी चंपारण भी एनडीए का गढ़ है। मोतिहारी यानी पूर्वी चंपारण की लोकसभा सीट पर लगातार बीजेपी का कब्जा रहा है। बीजेपी के राधामोहन सिंह यहां से सांसद रहे हैं। पूर्वी चंपारण में विधानसभा की 12सीटें हैं, इनमें से 9 एनडीए के पास हैं और तीन पर महागठबंधन का कब्जा है।