किसान आंदोलन बना नेतागिरी का अड्डा ! | घंटी बजाओ
एबीपी न्यूज़ | 30 Jan 2021 01:00 AM (IST)
65 दिन से चल रहा किसान आंदोलन अब अचानक सियासी रंग पकड़ने लगा है... इस बीच आज सिंघु बॉर्डर पर किसानों और स्थानीय लोगों के बीच हिंसक झड़प हो गई... दोनों तरफ से पथराव हुए, तलवारें भी चलीं, आंसू गैस के गोले दागे गए... स्थानीय लोग बॉर्डर खाली करो के नारे लगा रहे थे... दूसरी तरफ गाजीपुर बॉर्डर पर सियासी हलचल दिखाई दी... अब तक इस आंदोलन से राजनेताओं को दूर रखने के दावे किए जा रहे थे, लेकिन 26 जनवरी के बाद से मंजर बदलने लगा है... आज गाजीपुर बॉर्डर पर भारतीय किसान यूनियन के प्रवक्ता राकेश टिकैत से मिलने के लिए आरएलडी के जयंत सिन्हा पहुंचे... दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने भी मुलाकात की... बॉर्डर पर सत्येंद्र जैन भी नजर आए... सवाल ये है कि आंदोलन के अंगने में नेताजी का क्या काम है, दो महीने बाद नेताओं की एंट्री क्यों और किसने कराई?