अक्सर फोन की बैटरी 50 या 30 पर्सेंट तक तो ठीक चलती है, लेकिन जैसे ही यह 20 पर्सेंट के आसपास पहुंचती है, कई बार बैटरी तेजी से नीचे जाने लगती है. कभी 20 परसेंट से अचानक 5  परसेंट बैटरी दिखने लगती है तो कभी कुछ ही देर में फोन बंद हो जाता है. ऐसे में लगता है कि शायद फोन में कोई खराबी आ गई है. हालांकि हर बार ऐसा होना सॉफ्टवेयर की समस्या या वायरस की वजह से नहीं होता है. इसके पीछे कई दूसरी वजहें हो सकती हैं.

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फोन में दिखने वाला बैटरी प्रतिशत बैटरी की वोल्टेज, करंट फ्लो, तापमान और पुराने इस्तेमाल के पैटर्न के आधार पर अनुमान से दिखाता है. लीथियम-आयन बैटरी भी पूरे समय एक जैसी गति से डिस्चार्ज नहीं होती है. खासकर बैटरी पुरानी होने पर कम चार्ज लेवल पर यह अंतर ज्यादा दिखाई दे सकता है. ऐसे में आइए जानते हैं कि 20 परसेंट के नीचे जाते ही फोन की बैटरी तेजी से क्यों गिरने लगती है. 

20% के नीचे जाते ही फोन की बैटरी तेजी से क्यों गिरने लगती है?

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जब फोन की बैटरी कम होती है और आप गेम, कैमरा या GPS जैसे ज्यादा पावर लेने वाले फीचर्स इस्तेमाल करते हैं, तो फोन ज्यादा करंट खींचता है. इससे बैटरी की वोल्टेज तेजी से नीचे जा सकती है. फोन का सिस्टम इसे कम बैटरी के रूप में दिखा सकता है. जैसे ही फोन पर लोड कम होता है, वोल्टेज कुछ ऊपर आ सकती है और सिस्टम बैटरी प्रतिशत का अनुमान दोबारा बदल सकता है. इसी वजह से कभी-कभी 20 परसेंट के नीचे जाते ही फोन की बैटरी तेजी से गिरने लगती है. वहीं इसके पीछे बैटरी की तकनीक, फोन का इस्तेमाल और उसकी सेहत से जुड़ी कई वजहें हो सकती है. 

पुरानी बैटरी भी है बड़ी वजह

बैटरी की उम्र बढ़ने के साथ उसकी क्षमता और प्रदर्शन धीरे-धीरे कम होता है. करीब 500 से ज्यादा चार्जिंग साइकल के बाद ज्यादातर लिथियम-आयन बैटरियां अपनी शुरुआती क्षमता का लगभग 80 पर्सेंट ही बचा पाती हैं. क्षमता कम होने के साथ कम चार्ज लेवल पर वोल्टेज और बैटरी प्रतिशत के बीच तालमेल भी कम भरोसेमंद हो सकता है. यही कारण है कि पुरानी बैटरी में 20 पर्सेंट के बाद फोन अचानक बंद होने या तेजी से बैटरी गिरने की समस्या ज्यादा नजर आ सकती है. 

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बैटरी कैलिब्रेशन भी करता है असर

बैटरी का गलत कैलिब्रेशन भी अचानक प्रतिशत गिरने की वजह बन सकता है. अगर फोन को लगातार 40 परसेंट से 80 परसेंट के बीच ही चार्ज किया जाता है और लंबे समय तक पूरी तरह डिस्चार्ज नहीं होने दिया जाता, तो फ्यूल गेज अपने रेफरेंस पॉइंट खो सकता है. इसके अलावा बैकग्राउंड ऐप्स, सिस्टम अपडेट और पुराना सॉफ्टवेयर भी बैटरी रीडिंग को प्रभावित कर सकते हैं. 

फोन की बैटरी जल्दी खत्म होने की दूसरी वजहें

स्क्रीन की ज्यादा ब्राइटनेस, लगातार बैकग्राउंड में चलने वाले ऐप्स, कमजोर नेटवर्क सिग्नल, GPS, मोबाइल डेटा और बहुत ज्यादा गर्मी भी बैटरी की खपत बढ़ा सकते हैं. गर्म तापमान लिथियम-आयन बैटरी की सेहत पर असर डाल सकता है. 

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