आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस अब सिर्फ लिखकर सवालों के जवाब देने तक सीमित नहीं है. Google का Gemini Live और OpenAI का ChatGPT Voice यूजर्स के साथ रियल-टाइम में बातचीत कर सकते हैं. दोनों की आवाज, जवाब देने का तरीका और स्मार्ट फीचर्स इन्हें पुराने वॉयस असिस्टेंट से काफी अलग बनाते हैं. लेकिन दोनों को इस्तेमाल करने पर एक्सपीरिएंस में कुछ अहम अंतर नजर आते हैं.

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मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, ChatGPT Voice बातचीत के दौरान ज्यादा एक्सप्रेसिव नजर आता है. यह जवाबों में अलग-अलग शब्दों, टोन और बातचीत के छोटे-छोटे संकेतों का इस्तेमाल करता है. कई बार यह सोचने जैसा mhmm कहता है या लाइन के बीच हल्का रुकने और हकलाने जैसी आवाज निकालता है. इस वजह से बातचीत ज्यादा इंसानी महसूस हो सकती है. हालांकि, हर यूजर को यह अंदाज पसंद आए, ऐसा जरूरी नहीं है. कुछ लोगों को ChatGPT की ज्यादा एक्सप्रेसिव आवाज थोड़ी बनावटी भी लग सकती है. Gemini Live का बोलने का अंदाज तुलनात्मक रूप से ज्यादा सीधा और कम उतार-चढ़ाव वाला महसूस होता है.

लेटेस्ट जानकारी में ChatGPT का अलग अंदाज

दोनों AI इंटरनेट से जानकारी खोज सकते हैं लेकिन ChatGPT Voice कई सवालों पर खुद इंटरनेट से जानकारी हासिल करने की ज्यादा पहल करता है. वहीं Gemini Live कई बार अपने मौजूदा ज्ञान के आधार पर जवाब देता है और ताजा जानकारी के लिए उसे अलग से रिसर्च करने के लिए कहना पड़ सकता है.

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हालांकि, दोनों के वॉयस मोड में जवाबों की क्वालिटी उनके टेक्स्ट मोड जैसी जरूरी नहीं होती है. रियल-टाइम बातचीत में तेजी जरूरी होने के कारण वॉयस सिस्टम स्पीड और सटीकता के बीच बैलेंस बनाते हैं.

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Gemini Live की सबसे बड़ी ताकत क्या है?

Gemini Live को Google के बड़े इकोसिस्टम का फायदा मिलता है. यह Google के स्मार्ट होम डिवाइस और Pixel Buds जैसे हार्डवेयर के साथ गहराई से जुड़ा है. Google Home के कुछ डिवाइस पर Gemini Live का इस्तेमाल किया जा सकता है जबकि Pixel Buds के जरिए भी आवाज से बातचीत शुरू की जा सकती है.

इसके अलावा Gemini का Personal Intelligence फीचर यूजर के Google अकाउंट से जुड़ी जानकारी का इस्तेमाल करके जवाबों को ज्यादा पर्सनल बना सकता है. जैसे यह Gmail में बिल से जुड़े ईमेल खोज सकता है, Calendar में इवेंट जोड़ सकता है और स्मार्ट होम डिवाइस को कंट्रोल कर सकता है.

कैमरा फीचर में भी बड़ा अंतर

दोनों AI वॉयस बातचीत के दौरान कैमरा इनपुट का इस्तेमाल कर सकते हैं. यानी यूजर किसी चीज को कैमरे के सामने रखकर उसके बारे में सवाल पूछ सकता है. Gemini Live में यह सुविधा कुछ मामलों में मुफ्त उपयोग के साथ उपलब्ध है जबकि ChatGPT में वॉयस चैट के दौरान कैमरा एक्सेस के लिए उच्च पेड टियर की जरूरत बताई गई है.

किसका इस्तेमाल करें?

अगर प्राथमिकता ज्यादा इंसानी और एक्सप्रेसिव बातचीत है तो ChatGPT Voice का एक्सपीरिएंस अलग नजर आ सकता है. वहीं Gmail, Calendar, YouTube, Google Home और दूसरे Google-सर्विस इंटीग्रेशन की जरूरत वाले यूजर्स के लिए Gemini Live का इकोसिस्टम फायदेमंद हो सकता है. दोनों सर्विस के फ्री ऑप्शन मौजूद हैं, इसलिए पेड प्लान लेने से पहले दोनों को खुद आजमाकर देखना सबसे आसान तरीका है.

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