Stock Market Scam: ठग अब सिर्फ फोन कॉल या फर्जी वेबसाइट तक सीमित नहीं हैं. वे पूरी तरह टेक्नोलॉजी पर निर्भर हो चुके हैं और नए-नए डिजिटल प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर आम लोगों को निशाना बना रहे हैं. ऑनलाइन निवेश से जुड़े फ्रॉड तेजी से बढ़े हैं और अब Telegram ऐप स्टॉक मार्केट स्कैम का नया अड्डा बनता जा रहा है.

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मुंबई की महिला से उड़ गए करीब 4 लाख रुपये

हाल ही में मुंबई की 38 साल की एक महिला के साथ ऐसा ही मामला सामने आया. स्टॉक मार्केट टिप्स से जुड़ा एक सामान्य सा ऑनलाइन विज्ञापन देखकर वह एक Telegram ट्रेडिंग ग्रुप से जुड़ गईं. ग्रुप देखने में पूरी तरह प्रोफेशनल था—एक्टिव चैट, चार्ट्स, मुनाफे के आंकड़े और खुद को एक्सपर्ट बताने वाले एडमिन्स. कहीं से भी शक की गुंजाइश नहीं लग रही थी.

भरोसा जीतने का पूरा प्लान

शुरुआत में उनसे बेहद छोटी रकम निवेश करने को कहा गया कभी 120 रुपये, तो कभी 500 रुपये. हर भुगतान के बाद ग्रुप में मुनाफे के स्क्रीनशॉट, हरे तीर और जश्न मनाते मैसेज दिखाई देते थे. ऐसा लगता था जैसे हर कोई पैसा कमा रहा हो. यही देखकर महिला को भरोसा हो गया कि यह कोई असली ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म है.

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धीरे-धीरे बढ़ाया गया निवेश का दबाव

जब भरोसा पूरी तरह बन गया, तब असली खेल शुरू हुआ. एडमिन्स ने ज्यादा पैसे लगाने के लिए दबाव बनाना शुरू कर दिया. दिसंबर के कुछ ही दिनों में महिला ने कई बार पैसे ट्रांसफर किए. हर बार अलग UPI ID या बैंक अकाउंट दिया गया और बहाना बनाया गया कभी वॉलेट अपग्रेड, तो कभी प्रीमियम मेंबरशिप. बड़े मुनाफे का लालच देकर उनसे कुल मिलाकर 3.8 लाख रुपये से ज्यादा वसूल लिए गए.

अचानक गायब हुए ‘गुरु’ और ग्रुप

पैसे भेजने के बाद अचानक ग्रुप में सन्नाटा छा गया. न कोई मैसेज, न कोई स्क्रीनशॉट और न ही कोई जवाब. तभी महिला को एहसास हुआ कि वह ठगी का शिकार हो चुकी हैं. मुंबई पुलिस में शिकायत दर्ज की गई, जहां जांच में सामने आया कि रकम कई अलग-अलग UPI अकाउंट्स में घुमाई गई थी, जिससे ट्रैक करना बेहद मुश्किल हो गया.

नोएडा में बुजुर्ग दंपती के साथ भी बड़ा फ्रॉड

ऐसा मामला पहली बार नहीं है. 2025 में नोएडा के एक करीब 76 वर्षीय बुजुर्ग कारोबारी से भी लगभग 19 लाख रुपये की ठगी हुई. ठगों ने खुद को एक नामी निवेश कंपनी का प्रतिनिधि बताकर सोशल मीडिया के जरिए संपर्क किया और उनकी पूरी जमा पूंजी हड़प ली. साइबर क्राइम में FIR दर्ज कराने के बाद भी आरोपी हाथ नहीं लगे, क्योंकि फर्जी ID और सोशल मीडिया अकाउंट्स के जरिए यह गिरोह काम कर रहा था.

Telegram ट्रेडिंग स्कैम से कैसे बचें

इस तरह की ठगी से बचने के लिए कुछ बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है. जो भी व्यक्ति या ग्रुप बिना जोखिम के गारंटीड मुनाफे का दावा करे, उससे दूरी बनाएं. किसी भी अनजान व्यक्ति के पर्सनल बैंक अकाउंट या UPI पर पैसे न भेजें. निवेश से पहले यह जरूर जांचें कि ब्रोकर या सलाहकार SEBI में रजिस्टर्ड है या नहीं. Telegram और WhatsApp के ट्रेडिंग ग्रुप्स से दूर रहना ही बेहतर है क्योंकि स्क्रीनशॉट और दावे आसानी से फर्जी बनाए जा सकते हैं.

ठगी हो जाए तो तुरंत क्या करें

अगर किसी तरह की धोखाधड़ी हो जाए, तो देर न करें. तुरंत साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें और cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें. शेयर बाजार में पैसा कमाने का कोई शॉर्टकट नहीं होता. जो लोग जल्दी मुनाफे का सपना दिखाकर पैसे मांगते हैं, वे निवेश नहीं बल्कि झूठ बेच रहे होते हैं.

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