उत्तराखंड: बेटे की चाह में गर्भवती महिला को लगाया करंट, गर्भ में ही बच्ची की मौत
Uttarakhand News: इस घटना को लेकर सहसपुर कोतवाल प्रदीप रावत ने बताया कि पीड़िता के पिता की तहरीर पर बबलू के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है.

देहरादून के बालूवाला (विकासनगर) की रहने वाली सीमा की शादी सात साल पहले हरियाणा के पानीपत निवासी बबलू से हुई थी. शादी के बाद से ही दो बेटियों को लेकर बबलू का रवैया ठीक नहीं था. मारपीट और प्रताड़ना उसकी दिनचर्या का हिस्सा बन चुकी थी. जब सीमा तीसरी बार गर्भवती हुई तो बबलू ने कुछ दिन पहले उसे जबरदस्ती पानीपत ले जाकर एक अवैध केंद्र पर भ्रूण का लिंग परीक्षण करवाया. जाँच ने जो बताया वह बबलू को मंजूर नहीं था तीसरी बार भी बेटी.
फिर विकासनगर स्थित घर में बबलू ने हर हद पार कर दी, उसने सीमा के पेट पर लात-घूंसे बरसाए, डंडे से पिटाई की और फिर टब में पानी भरकर करंट लगाकर जान लेने की कोशिश की.
इस बर्बर हमले में गर्भ में पल रही आठ महीने की बच्ची की मौत हो गई. जब सीमा के पिता शेरसिंह को भनक लगी तो वे दौड़े चले आए लेकिन बबलू ने उन्हें घर के अंदर तक नहीं घुसने दिया. मजबूरन शेरसिंह ने पुलिस हेल्पलाइन पर कॉल किया, पुलिस मौके पर पहुँची और दोनों को सहसपुर कोतवाली लेकर आई.
सीमा की हालत नाजुक थी, तो पहले सहसपुर अस्पताल ले जाया गया, वहाँ से दून अस्पताल रेफर किया गया. मंगलवार को ऑपरेशन के जरिए मृत शिशु को बाहर निकाला गया, सीमा अभी भी गंभीर हालत में भर्ती है. सहसपुर कोतवाल प्रदीप रावत ने बताया कि पीड़िता के पिता की तहरीर पर बबलू के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है. इसके साथ ही पुलिस अब यह भी खंगाल रही है कि पानीपत में किन अवैध अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर लिंग परीक्षण का यह काला धंधा चल रहा था.
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