उत्तर प्रदेश विधानसभा में गुरुवार (13 फरवरी, 2026) का दिन काफी हंगामे वाला रहा है. सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच कई मुद्दों को लेकर जबरदस्त बहस देखने को मिली. इसी बीच सदन में सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के विधायक और मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी की बारी आई तो उन्होंने भी सदन में अपनी बात रखी, इस बीच उन्होंने कुछ ऐसा कहा जिसने सभी का ध्यान उनकी ओर खींच लिया. 

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यूपी विधानसभा में राज्यपाल महोदया के संबोधन पर अपनी बात रखते हुए मऊ विधानसभा सीट से विधायक अब्बास अंसारी को बोलने का मौका मिला. इस दौरान उन्होंने अपने क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं और मऊ में खुले नाले का मुद्दा उठाया. उन्होंने बताया कि उनके क्षेत्र में सिर्फ 70 बेड का अस्पताल है जहां हमेशा 200 से ज्यादा मरीज़ रहते हैं. 

चार साल में पहली बार बोले अब्बास अंसारी

अंसारी ने कहा कि अपने क्षेत्र में ट्रामा सेंटर बनाने और डॉक्टरों की कमी का भी जिक्र किया. इसी दौरान उनका समय खत्म होने लगा तो सदन की अध्यक्षता कर रहे मनोज पांडे ने उन्हें रोका और बात खत्म करने को कहा, तभी अब्बास अंसारी उनसे कुछ और समय देने की मांग करने लगे और कहा कि मुझे चार साल में पहली बार मौका मिला है.

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'मेरी मजबूरी समझिए सर पता नहीं..'

चेयर के रोकने पर अब्बास अंसारी ने कहा- "मैं मात्र 30 सेकेंड लूंगा सर.. मुझे चार साल में पहली बार मौका मिला है. मेरी मजबूरी को समझिए और मेरा तो ये भी ठिकाना नहीं है कि कब तक बोलने का मौका मिलेगा. आप जानते हैं... इसलिए मेरी बातों को सुन लीजिए.." इस पर मनोज पांडे ने कहा कि "नहीं, आप आगे भी बोलेंगे.." 

सुभासपा विधायक ने इसके बाद फिर अपनी बातों को आगे बढ़ाया और कहा कि उनके जिले में डॉक्टरों की बहुत कमी है, जिसकी वजह से जनता को बहुत सारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. न तो पर्याप्त डॉक्टर है और न ही बीमारियों के स्पेशलिस्ट हैं.  

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