उत्तर प्रदेश की शामली पुलिस ने एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया है जो नशा करते-करते खुद ही नशे का सौदागर बन गया. कैराना कोतवाली क्षेत्र के गांव तीतरवाड़ा के रहने वाले अहसान के कब्जे से 2 किलो 15 ग्राम स्मैक बरामद की गई है जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब 4 करोड़ 3 लाख रुपये है.

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 नशे की लत ने बना दिया तस्कर

पुलिस की पूछताछ के दौरान अहसान ने बताया कि कुछ साल पहले उसे स्मैक का नशा करने की लत लग गई थी और वह स्मैक लेने के लिए बहुत दूर-दूर तक जाया करता था. स्मैक का नशा करते-करते वह उसका इस कदर आदी हो गया कि उसके बिना जीना दुभर हो गया. फिर एक दिन उसके मन में आया कि वह खुद ही स्मैक का तस्कर बन जाए और उसकी बिक्री करने लगे जिससे उसकी नशे की लत भी पूरी होती रहेगी और उसे इधर-उधर भटकना भी नहीं पड़ेगा.

 सहारनपुर से लाता था खेप

इस दौरान अहसान की मुलाकात सारिक पुत्र साजिद निवासी गांव घाटमपुर थाना नकुड जनपद सहारनपुर से हुई. अहसान उसी से स्मैक की बड़ी खेप खरीदकर लाता था और फिर छोटी-छोटी पुड़िया बनाकर फोन के माध्यम से लोगों को डिलीवरी देता था. पुलिस ने अहसान के कब्जे से एक टीवीएस अपाचे मोटरसाइकिल और एक मोबाइल फोन भी बरामद किया है जिनके माध्यम से वह तस्करी का काम करता था.

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 9 महीने पहले भी गया था जेल, फिर भी नहीं छोड़ा धंधा

एसपी शामली नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि अहसान करीब 1 साल से यह काम कर रहा है और करीब 9 माह पहले एक बार पहले भी इसी मामले में जेल जा चुका था. जेल से छूटने के बाद भी उसने यही काम जारी रखा. एसपी ने बताया कि अहसान सहारनपुर के घाटमपुर गांव के सारिक नाम के व्यक्ति से स्मैक लाकर बेचता था. पुलिस अब इस मामले के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंक की भी गहनता से जांच पड़ताल कर रही है ताकि इस नशे के नेटवर्क की पूरी जड़ तक पहुंचा जा सके.