प्रयागराज, मोहम्मद मोइन। देश और दुनिया इन दिनों कोरोना की महामारी से जूझ रही है। जानकार यह साफ़ कर चुके हैं कि जब तक इसकी कोई वैक्सीन नहीं आ जाती, तब तक हमें कोरोना के साथ ही जीना होगा। एहतियात बरतकर खुद को कोरोना से बचाना होगा। लॉकडाउन की वजह से स्कूल -कालेज फिलहाल तो बंद हैं, लेकिन आने वाले दिनों में यहां पढ़ाई भी शुरू होगी और स्टूडेंट्स व टीचर्स को भीड़ में कोरोना से बचाना भी होगा। इसके लिए तमाम शैक्षिक संस्थाओं ने अभी से एहतियाती कदम उठाने की कवायद भी शुरू कर दी है। इसी कड़ी में संगम नगरी प्रयागराज के शंभुनाथ इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नालाजी ने एक ऐसी टनल यानी सुरंग का निर्माण किया है, जिसमे दाखिल होते ही सभी तरह के संक्रमण तकरीबन ख़त्म हो जाएंगे और कोरोना का खतरा कुछ देर के लिए काफी कम हो जाएगा। यह टनल दाखिल होने वालों को पूरी तरह सेनेटाइज़ कर देती है।
संस्थान ने अपने पांचों गेटों पर अभी से इस तरह की सुरंग तैयार कराकर इसका परीक्षण भी कर लिया है। इस सेनेटाइजेशन टनल में दाखिल होते ही आठ नाजुल से लिक्विड निकलेगा। केमिकल युक्त यह लिक्विड ही इसमें दाखिल होने वालों को पूरी तरह सेनेटाइज कर देगा और कपड़ों -चश्मे -घड़ी, बैग या शरीर के बाहरी हिस्सों पर आए संक्रमण को नष्ट कर देगा। पंद्रह फिट लम्बी और नौ -नौ फिट ऊंची व चौड़ी यह टनल सेंसर पर काम करती है। यानी सुरंग में दाखिल होते ही यह काम करना शुरू कर देगी और जब इसमें कोई नहीं होगा तो टनल खुद ही काम करना बंद कर देगी।
संस्थान के सचिव कौशल कुमार तिवारी का कहना है कि आने वाले दिनों में ज़िंदगी को सामान्य करते हुए पढ़ाई कराने और साथ ही संस्थान में आने वाले स्टूडेंट्स -टीचर्स व दूसरे लोगों को सुरक्षित रखने के लिए इस तरह की टनल बनाई गई है। इंस्टीट्यूट के डायरेक्टर आरके सिंह का कहना है कि संस्थान खुलने पर यह टनल खासी उपयोगी साबित होगी। संस्थान में सभी पांच इंट्री प्वाइंट्स पर टनल बनाई गई है तो साथ ही सभी जगह थर्मल स्क्रीनिंग की भी व्यवस्था की गई है।
