राष्ट्रीय परशुराम परिषद और परशुराम स्वाभिमान सेना के आईटी सह-संयोजक सुशील पंडित ने समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता राजकुमार भाटी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है.
सुशील पंडित ने कहा कि नोएडा पुलिस ने समाज की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए तुरंत कार्रवाई की, जो बहुत सराहनीय है. उन्होंने यह भी कहा कि राजकुमार भाटी सपा के आधिकारिक प्रवक्ता हैं, इसलिए उनके बयान पार्टी के बयान माने जाते हैं. उन्होंने सवाल उठाया कि क्या यह बयान अखिलेश यादव के विचार भी हैं? उन्होंने मांग की कि अखिलेश यादव को तुरंत कार्रवाई करके राजकुमार भाटी को पार्टी से निकाल देना चाहिए.
ब्राह्मण समाज के विरोध के बाद राजकुमार भाटी ने माफी मांगते हुए अपना बयान वापस लिया. उन्होंने हाथ जोड़कर ब्राह्मण समाज से क्षमा मांगी.
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सुशील पंडित की तरफ़ से बताया गया है कि इससे पहले भी भाटी पर सनातन धर्म और भगवान के खिलाफ विवादित टिप्पणियां करने के आरोप लग चुके हैं.
प्रोटेस्ट कर एफ आई आर दर्ज करने की मांग
राजकुमार भाटी की कथित आपत्तिजनक टिप्पणी से नाराज होकर ब्राह्मण समाज और अन्य लोगों ने नोएडा के सेक्टर-24 थाने में शिकायत दी. इस दौरान राष्ट्रीय परशुराम परिषद, परशुराम स्वाभिमान सेना और राष्ट्रीय ब्राह्मण महासभा के लोगों ने थाने के बाहर प्रोटेस्ट कर एफ आई आर दर्ज करने की मांग की थी .
इस मौके पर राजेश प्रधान (बरौला), सुनील पंडित (गुलावली), महेश शर्मा (मंडल अध्यक्ष, भाजपा ग्रेटर नोएडा), सुशील, सिंगा पंडित, अटल भाटी, गौरव नंबरदार, मनीष (दादरी), कालू पंडित (बरौला), अतुल भाटी, साधना शर्मा, दीपेश पंडित, पिंटू शर्मा, मनवीर शर्मा सहित कई लोग मौजूद रहे.
गौरतलब है कि कुछ दिन पहले एक सार्वजनिक कार्यक्रम में राजकुमार भाटी ने ब्राह्मण समाज के बारे में कथित तौर पर आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया था, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ . हालांकि बाद में विरोध बढ़ने पर उन्होंने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर ब्राह्मण समाज से माफी मांग ली.
